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मेरठ में ATS की छापेमारी, NIA ने कैराना से ग्राम प्रधान पति को हिरासत में लिया

आज देशभर में टेरर फंडिंग को लेकर पीएफआई के ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। ये छापेमारी एनआईए, ईडी, एटीएस जैसी एजेंसी कर रही हैं। इसी कड़ी में पश्चिमी उप्र के मेरठ और शामली के कैराना में भी छापेमारे गए। जिसमें कैराना से एनआईए और एसटीएफ ने ग्राम प्रधान पति अको हिरासत में लिया है। वहीं मेरठ में भी एटीएस ने छापेमारी की। लेकिन जिसकी तलाश में छापेमारी की गई थी वो समय से पहले फरार हो गया।
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मेरठ

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Kamta Tripathi

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Updated: 22 Sep 2022, 7:24 PM IST

मेरठ में एटीएस की छापेमारी,एनआईए ने कैराना से ग्राम पति को हिरासत में लिया

मेरठ में एटीएस की छापेमारी,एनआईए ने कैराना से ग्राम पति को हिरासत में लिया

आज गुरुवार को टेरर फंडिंग मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने देश भर में छापेमारी की। शामली के कैराना कस्बे के गांव मामौर में एनआइए और एसटीएफ की टीम ने छापेमारी कर ग्राम प्रधान पति मौलाना साजिद को हिरासत में लिया है। वहीं मेरठ में छापेमारी की गई। पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया यानी पीएफआई के कार्यकर्ता मौलाना साजिद को कैंप चलाने व कट्टरपंथी विचारधारा का प्रसार करने सहित टैरर फंडिंग के मामले में पकड़ा है। मौलाना साजिद को 2019 में पुलिस ने पीएफआई के भड़काऊ पोस्टरों के साथ गिरफ्तार किया था। बता दें कि आज गुरुवार को टेरर फंडिंग मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी के नेतृत्व में 11 राज्यों में करीब 100 से अधिक पीएफआई के ठिकानों पर छापेमारी की कार्रवाई की गई। छापेमारी में पीएफआई के पदाधिकारी सहित कई कार्यकर्ता देश में आतंकी गतिविधियों का कथित रूप से समर्थन करने के आरोप में गिरफ्तार किया है।


आज मेरठ में पीएफआई सदस्यों पर कार्रवाई के क्रम में सुबह थाना देहली गेट क्षेत्र में एटीएस ने गुपचुप तरीके से दबिश दी। इस दौरान स्थानीय पुलिस को भी इसकी कोई जानकारी नहीं दी गई। बताया गया कि जिस व्यक्ति की तलाश में टीम पहुंची वह पहले ही फरार हो गया था। बुधवार देर रात से देश भर में पीएफआई के सदस्यों की धरपकड़ के लिए एटीएस और अन्य सुरक्षा एजेंसी छापेमारी कर रही हैं। नागरिकता संशोधन कानून को लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हुई हिंसा का प्लान मेरठ में ही बना था। जिसमें पीएफआई की भूमिका मुख्य थी। जांच के बाद पीएफआई के कार्यालय पर छापे भी मारे गए थे। आज गुरुवार सुबह करीब छह बजे एटीएस की टीम थाना दिल्ली गेट पहुंची।


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बताया गया कि मुजफ्फरनगर निवासी व्यक्ति की तलाश में दबिश दी है। टीम परिवार के कुछ लोगों से पूछताछ करने के बाद वापस लौट गई। एटीएस की पूरी कार्रवाई के घंटों बाद पुलिस को छापेमारी की जानकारी हुई थी। एसएसपी रोहित सिंह सजवान ने बताया कि टीम ने कार्रवाई से पहले या बाद में कोई संपर्क स्थानीय पुुलिस और अधिकारियों से नहीं किया। नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में वर्ष 2019 में मेरठ में बडे़ पैमाने पर हिंसा हुई थी। जांच में पता चला कि हिंसा भड़काने में पीएफआई संगठन का हाथ है। नौचंदी थाना क्षेत्र के शास्त्री नगर में कार्यालय बनाया था। शहर में पर्चे बांटे गए थे।

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