कमिश्नर के निर्देश पर दोनों जिलों की टीमों ने किया नर्मदा के घाटों का निरीक्षण

जबलपुर राजस्व संभाग आयुक्त के निर्देश पर कलेक्टर एसपी और खनिज अधिकारी ने गोटेगांव क्षेत्र की रेत खदानों का निरीक्षण किया। गौरतलब है आयुक्त ने डिंडोरी, नरसिंंहपुर, जबलपुर और मंडला जिले के कलेक्टरों को यह निर्देश दिए हैं कि वे स्वयं रेत खदानों का निरीक्षण करें और नियमित निरीक्षण के लिए खनिज एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों की ड्यूटी लगाएं।

By: ajay khare

Updated: 27 Feb 2021, 10:19 PM IST

narsinghpur.जबलपुर राजस्व संभाग आयुक्त के निर्देश पर कलेक्टर एसपी और खनिज अधिकारी ने गोटेगांव क्षेत्र की रेत खदानों का निरीक्षण किया। गौरतलब है आयुक्त ने डिंडोरी, नरसिंंहपुर, जबलपुर और मंडला जिले के कलेक्टरों को यह निर्देश दिए हैं कि वे स्वयं रेत खदानों का निरीक्षण करें और नियमित निरीक्षण के लिए खनिज एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों की ड्यूटी लगाएं। इसके अलावा नरसिंहपुर और जबलपुर की सीमा पर स्थित खदानों का संयुक्त निरीक्षण कर एसडीएम द्वारा प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। जिसके पालन में कलेक्टर वेद प्रकाश और पुलिस अधीक्षक विपुल श्रीवास्तव व खनिज विभाग ने गोटेगांव एवं नरसिंहपुर विकासखंड के नर्मदा नदी के तटीय क्षेत्रों में शुक्रवार को नर्मदा घाटों का निरीक्षण किया। उन्होंने घाट पिपरिया, सांकल, बुधगांव, बरमकुंड और अन्य स्थानों पर नर्मदा घाटों का अधिकारियों के साथ निरीक्षण किया।
शनिवार को दोनों जिलों की संयुक्त टीम ने नर्मदा तटों पर जाकर अपने अपने क्षेत्र के रेत घाटों का निरीक्षण किया संयुक्त टीम में जबलपुर खनिज निगम के खनिज निरीक्षक अभिषेक पटले, नरसिंहपुर जिले के खनिज निरीक्षक सुमित गुप्ता एवं राजस्व विभाग के आरआई एवं पटवारी शामिल थे। अधिकारी सबसे पहले नर्मदा नदी झांसीघाट के मेला घाट पर गए । यहां से बेलखेड़ी नर्मदा तट की ओर रवाना हो गए।
वर्जन
नर्मदा नदी में उत्खनन पर एक दूसरे की सीमा में उत्खनन की बात सामने आने पर संयुक्त टीम द्वारा स्थिति का अवलोकन किया जा रहा है इसलिए हम नर्मदा तटों पर आए ।
अभिषेक पटले, खनिज निरीक्षक जबलपुर
वर्जन
पुलिस, प्रशासन व खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने गोटेगांव क्षेत्र में नर्मदा के घाटों का निरीक्षण किया। नरसिंहपुर जिले की सीमा में किसी भी घाट पर रेत का अवैध खनन होते नहीं पाया गया।
विपुल श्रीवास्तव, एसपी नरसिंहपुर.
अलर्ट हुआ रेत माफिया
रेत खनन को लेकर प्रशासन की सख्ती के बाद गोटेगांव क्षेत्र में वर्षों से सक्रिय रेत माफिया पूरी तरह से सतर्क हो गया है। जानकारी के अनुसार रेत माफिया द्वारा रेत खनन व परिवहन में उपयोग की जाने वाली मशीनें और वाहन गायब कर दिए गए हैं। रेत घाटों पर रेत माफिया की हलचल देखने को नहीं मिली। बताया गया है कि रेत के भारी वाहनों के कारण जो सड़कें बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हुई हैं उनसे गुजरने पर गड्ढों में अधिकारियों को हिचकोलों का सामना करना पड़ा।
टार्च जला कर लिया जायजा
शुक्रवार को कलेक्टर वेदप्रकाश, पुलिस अधीक्षक विपुल श्रीवास्तव, प्रभारी खनि अधिकारी अधिकारी ओपी बघेल ने पुलिस बल के साथ सांकल मेला तट, बुधगांव, बरमकुंड का निरीक्षण किया। रात हो जाने पर बरमकुंड में अधिकारियों ने टार्च के सहारे नर्मदा के घाटों को देखा। अधिकारियों के आने की भनक मिलते ही जबलपुर जिले की सीमा में जो उत्खनन हो रहा था वह बंद कर दिया गया।

ajay khare
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned