4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

तपती धूप में शिक्षकों ने कटोरा लेकर मांगी भीख, मांग पूरी ना होने पर प्रदेशव्यापी आंदोलन की दी चेतावनी

तपती धूप में शिक्षकों ने कटोरा लेकर मांगी भीख
2 min read
Google source verification

अजमेर

image

Nidhi Mishra

May 20, 2019

professional trainers protest for pending salary in Ajmer

professional trainers protest for pending salary in Ajmer

अजमेर। तपती धूप, हाथ में कटोरा और मुंह से निकलते तनख्वाह दो के नारे। ये नजारा था अजमेर कलेक्ट्रेट का, जहां व्यावसायिक शिक्षक वेतन बकाया होने के कारण प्रदर्शन करने ( teachers protest ) पहुंचे थे। राजस्थान शिक्षक संघ सियाराम ( Rajasthan Shikshak Sangh ) व व्यवसायिक प्रशिक्षक संघ राजस्थान के बैनर तले समस्त व्यवसायिक शिक्षकों ( Professtional Trainers ) एवं प्रशिक्षको को 8 से 22 माह तक का वेतन बकाया चल रहा है। वेतन नहीं मिलने से नाराज और परेशान व्यवसायिक शिक्षकों ने हाथ में कटोरा लेकर भीख मांगी। साथ ही नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद उन्होंने सरकार के नाम कलेक्टर को ज्ञापन भी सौंपा।

READ MORE: JEE advanced 2019: प्रवेश पत्र website पर होने वाले हैं अपलोड


व्यावसायिक शिक्षा देना शुरू किया, लेकिन वेतन देना भूली सरकार
राजस्थान शिक्षक संघ सियाराम के एक सदस्य ने बताया कि सरकार ने स्कूलों में व्यावसायिक शिक्षा शुरू तो कर दी है, लेकिन शिक्षकों को वेतन देना भूल गई है। सरकार का ये कृत्य बहुत ही अन्यायपूर्ण है। इन सभी का लगभग 10 से 22 महीनों का वेतन बकाया है। इससे उनकी आर्थिक स्थिति भी बदहाल हुई है। उनका ये भी कहना था कि इन शिक्षकों की नियुक्ति 2015 में की गई थी, लेकिन वेतन पर अब तक ध्यान नहीं दिया गया।

READ MORE: RPSC: भर्ती परीक्षाएं 27 से, अब इंतजार है प्रवेश पत्र का

प्रदेशव्यापी आंदोलन करेंगे
राजस्थान शिक्षक संघ सियाराम के एक सदस्य ने पत्रिका से बातचीत करते हुए कहा कि हम राज्य सरकार और सम्सा प्रशासन से भीख मांगकर ये अपील करते हैं कि शिक्षकों का बकाया वेतन जल्द आहरित किया जाए। इन लोगों की आर्थिक स्थिति भी कई महीनों से वेतन ना मिल पाने के कारण गड़बड़ाई हुई है। यदि राज्य सरकार इस मामले पर जल्दी से जल्दी निर्णय नहीं करती है, तो हम प्रदेश व्यापी आंदोलन करेंगे। आपको बता दें कि व्यावसायिक ट्रेनर्स को राजस्थान शिक्षक संघ सियाराम ने भी समर्थन दिया है।