जिले में उचित मूल्य के 450 से ज्यादा दुकान संचालित हो रहे हैं, जहां प्रति माह 5000 क्विंटल से ज्यादा चने की खपत होती होती है। सस्ते दर में मिलने वाले चने का उपयोग लोग दाल के तौर पर करते हैं। चना वितरण नहीं होने से अब दाल की खरीदी लोगों की क्षमता से बाहर हो गया है। वर्तमान में अरहर दाल 150 से 170 रुपए प्रति किग्रा की दर से विक्रय हो रहा है। चने की आवक में विराम लगने से अब दुकान से दाल खरीदी पर निर्भरता बढ़ी है। इसका लाभ उठाते हुए दुकानदार औने-पौने दाम में दाल बेच रहे हैं।