
Teachers honour
अंबिकापुर. गुरु और शिक्षक में दूरी हो चुकी है। समाज के कुछ लोगों ने शिक्षक को समझा लेकिन गुरु को भूल चुके हैं। अभिभावक, विद्यार्थी और समाज शिक्षक को गुरु के रूप में स्थापित करें तो विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण से राष्ट्र निर्माण पूरा होगा।
यह बातें शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में बुधवार को आयोजित शिक्षक सम्मान समारोह के दौरान कलक्टर सारांश मित्तर ने कही। उन्होंने कहा कि गुरु के रूप में माता-पिता, दोस्त, रिश्तेदार सभी निर्णायक होते हैं। शिक्षक कभी सेवानिवृत्त नहीं होता है। शिक्षक सीखे हुए तथ्यों को नये कलेवर के साथ इबारतें लिखता है।
उन्होंने शिक्षकों का आह्वान करते हुए कहा कि राष्ट्रनिर्माण के लिए आपका महती योगदान आवश्यक है। इससे पहले अतिथियों ने मां सरस्वती तथा सर्वपल्ली राधाकृष्णन् के चित्र पर माल्यार्पण तथा दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। अतिथियों को स्वागत पुष्पगुच्छ प्रदान कर किया गया।
शिक्षक समाज का निर्माता
कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक सदानन्द कुमार ने संस्कृत का उद्धरण प्रस्तुत करते हुए शिक्षक, उपाध्याय, आचार्य, पिता और माता की महत्ता से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज का निर्माता है। जिला पंचायत सीईओ नम्रता गांधी और सहायक कलक्टर आकाश सितारा ने अध्ययनकाल के दौरान गुरु और शिष्य के सम्बन्धों को संस्मरण सुनाया।
ये हुए सम्मानित
शिक्षक सम्मान समिति की ओर से प्राचार्य सीपी सिंह, अध्ययक्ष हुकुम सिंह, प्राचार्य हेमेन्द्र मिश्र, प्राचार्य आनन्द प्रकाश, प्राचार्य आईए खान सूनी ने सम्बोधित किया। कार्यक्रम के दौरान अतिथियों के हाथों 80 से अधिक शिक्षकों को सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री गौरव अलंकरण पुरस्कार से सम्मानित हुए करुणेश
शासकीय मल्टीपरपज स्कूल में मुख्यमंत्री गौरव अलंकरण पुरस्कार से शिक्षकों को पुरस्कृत किया गया। सांसद कमलभान सिंह, कलक्टर सारांश मित्तर, पुलिस अधीक्षक सदानन्द कुमार, जिला पंचायत सीईओ के हाथों संभाग स्तरीय 'शिक्षा श्री पुरस्कार' लुंड्रा विकासखंड के हायर सेकेंडरी स्कूल असकला के व्याख्याता (एलबी) करूणेश चंद्र श्रीवास्तव, हायर सेकेंडरी स्कूल सिलफिली के व्याख्याता नवीन जायसवाल तथा हायर सेकेंडरी स्कूल रामपुर की व्याख्याता एलबी अनामिका चक्रवर्ती को दिया गया।
पुरस्कार में इन्हें 10 हजार रुपए नकद, प्रशस्ति पत्र व मोमेंटो प्रदान किया गया। वहीं जिला स्तरीय पुरसकार सुरित राजवाड़े, सिविल सर्जन पैकरा, जमुना प्रसाद पांडेय को दिया गया। संभाग स्तरीय शिक्षा श्री पुरस्कार के तहत 10000 ज्ञानदीप के तहत 7000 तथा विकासखंड स्तरीय शिक्षा दूत पुरस्तार में 5000 नकद व प्रशस्ति पत्र दिया गया।
Published on:
05 Sept 2018 09:51 pm
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