अलवर

सरिस्का में वन्यजीव व जंगल की सुरक्षा लाठी-डंडों के भरोसे

धौलपुर की घटना के बाद वनकर्मियों में भय, हथियार उपलब्ध कराने की मांग तेज

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Jan 12, 2026
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अकबरपुर. सरिस्का बाघ परियोजना में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर वन विभाग के कर्मचारियों में गंभीर असंतोष और भय का माहौल हैं। हाल ही में धौलपुर जिले के सरमथुरा क्षेत्र में बजरी माफिया की ओर से वनरक्षक की हत्या की घटना के बाद वनकर्मी खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। उनका कहना है कि जंगलों और अति संवेदनशील नाकों पर वनकर्मी आज भी लाठी-डंडों के सहारे सुरक्षा कर रहे हैं, जबकि खनन माफिया और शिकारी हथियारों से लैस रहते हैं।

संघ का कहना है कि बिना पर्याप्त संसाधनों के जंगल और वन्यजीवों की सुरक्षा करना जोखिम भरा हो गया है। 8 जनवरी को धौलपुर के सरमथुरा क्षेत्र में बजरी माफिया ने वनरक्षक जितेंद्र सिंह शेखावत को कुचलकर हत्या कर दी। यह घटना न केवल जघन्य अपराध है, बल्कि इससे पूरे वन विभाग में आक्रोश और भय व्याप्त है। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से वन कर्मियों का मनोबल गिर रहा है और कार्यप्रणाली भी प्रभावित हो रही है। राजस्थान अधीनस्थ वन कर्मचारी संघ के महामंत्री रामवीर गुर्जर का कहना है कि वन कर्मचारी संघ लंबे समय से 15 सूत्री मांगों को लेकर प्रयासरत हैं। इनमें वनकर्मियों को हथियार सहित आवश्यक सुरक्षा संसाधन उपलब्ध कराने आदि प्रमुख है।सरकार से वार्ता नहीं हुई तो आंदोलन

संघ ने सरकार से मांग की है कि वह इस गंभीर स्थिति को देखते हुए वन कर्मचारी संघ से वार्ता कर हथियार सहित सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए। साथ ही पीड़ित परिवार को उचित सहायता, मृतक को शहीद का दर्जा और आरोपियों के खिलाफ कठोर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाए। गुर्जर ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने वार्ता नहीं की, तो वनकर्मी जंगल छोड़कर सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे। लगातार हो रहे हमलों से वन कर्मचारियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। सरिस्का बाघ परियोजना और आसपास के क्षेत्रों में पूर्व में भी कई गंभीर घटनाएं हो चुकी हैं।कब कहा हुई गंभीर घटनाएं

- जनवरी 2017 में कलाकड़ी अकबरपुर रेंज में शिकारियों से मुठभेड़ के दौरान वनरक्षक केवल कुमार और होमगार्ड ओमप्रकाश को गोली लगने से स्थायी रूप से दिव्यांगता।- वर्ष 2021 में तालवृक्ष रेंज के देवरा क्षेत्र में विस्थापन पर चर्चा के दौरान प्रधान मुख्य वन संरक्षक अरविंद तोमर हमले में घायल।

- वर्ष 2023 में टहला-बलदेवगढ़ सीमा पर अवैध परिवहन के दौरान बॉर्डर होमगार्ड की मौत।

- महुआ-मंडावर, दौसा क्षेत्र में अवैध परिवहन की टक्कर से एक होमगार्ड की मौत।

- 8 मई 2025 को अतिक्रमण हटाने के दौरान वनपाल रामवीर गुर्जर के सिर में गंभीर चोट, सात टांके आए।- एक होमगार्ड अशोक और स्थानीय कर्मचारी दिलखुश घायल।मुख्य मांगें ये

- वनकर्मियों को हथियार व सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए जाएं- पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता- मृतक को शहीद का दर्जा- आरोपियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई- सुरक्षा को लेकर सरकार से शीघ्र वार्ता

Updated on:
12 Jan 2026 03:54 pm
Published on:
12 Jan 2026 03:53 pm
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