
अंबिकापुर/बिश्रामपुर. अंबिकापुर-मनेंद्रगढ़ मार्ग पर सिलफिली से लगे पंडोनगर में शनिवार की अलसुबह कोयला लोड ट्राला पेड़ से टकरा गया। हादसे के थोड़ी ही देर बाद ट्राला में आग लग गई। यह देख ड्राइवर ने कूदकर अपनी जान बचाई।
इधर कुछ ही मिनटों में ट्राले में आग भभक गई और देखते ही देखते वह आग का गोला नजर आने लगा। कुछ ही देर में ट्राला जलकर पूरी तरह से खाक हो गया। सूचना पर जयनगर पुलिस पहुंची। उन्होंने मामले को विवेचना में लिया है।
उदयपुर के परसा केते कोल खदान से कोयला लोड कर ट्राला क्रमांक सीजी 15 एसी-4559 शनिवार की अलसुबह कमलपुर साइडिंग के लिए निकला था। ड्राइवर काफी तेज गति से ट्राला दौड़ा रहा था। वह साइडिंग से महज आधा किलोमीटर दूर पहुंचा ही था कि अंबिकापुर-मनेंद्रगढ़ एनएच-43 पर ग्राम सिलफिली से पूर्व पंडोनगर के पास ट्राला अनियंत्रित होकर पेड़ से टकरा गया।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्राला के सामने का हिस्सा बूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। थोड़ी ही देर में उसके शॉर्ट-सर्किट हुई और आग लग गई। यह देख ड्राइवर ने ट्राला से कूदकर अपनी जान बचाई। इधर देखते ही देखते आग ने ट्राला को पूरी तरह से अपनी चपेट में ले लिया। ट्राला पूरी तरह से आग का गोला बन चुका था।
कोयला लोड होने के कारण आग पकड़ते देर न लगी। इधर मेन रोड पर हादसा होने से वहां से गुजरने वाले वाहन चालकों की भीड़ लग गई। सूचना मिलने पर जयनगर पुलिस भी मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक सबकुछ खाक हो चुका था।
ज्यादा ट्रिप मारने के चक्कर में होते हैं हादसे
ट्रक व ट्रेलर के चालक ज्यादा ट्रिप मारने के चक्कर में तेज रफ्तार में वाहन दौड़ाते हैं। ऐसे में कई बार बड़े हादसे हो चुके हैं। इसमें कई लोगों ने अपनी जान भी गंवाई है। इसके बावजूद उनकी रफ्तार पर नियंत्रण नहीं लग पा रहा है। ट्राला में आग लगने की घटना भी रफ्तार का ही परिणाम है।