
केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में बदलाव किया। अब लाभार्थियों को तीन के बजाय दो किस्त में पांच हजार रुपए दिए जाएंगे। दूसरी बार में बेटी हुई तो 5 हजार के अलावा एक हजार रुपए अतिरिक्त मिलेगा। इसका उपयोग गर्भवती स्वस्थ प्रसव और खानपान में करेगी। आशा और एएनएम गर्भवती महिलाओं का विवरण अपने स्मार्टफोन में ऑनलाइन आवेदन लाभार्थी के घर जाकर करेंगी।
योजना 2017 में लॉन्च हुई थी। इसमें पहले तीन किस्त में पांच हजार दिए जाते थे। अब 3 हजार व 2 हजार की दो किस्त दी जाएगी। राशि गर्भवती के खाते में सीधी जाएगी।
बेटियों को मिलेगा प्रोत्साहन
बालिका प्रोत्साहन को लेकर सरकार ने पहल की है। महिलाओं को प्रथम प्रसव पर मातृ वंदना योजना की सहायता राशि का लाभ दिया जाएगा। दूसरी संतान में केवल कन्या होने पर दुबारा 6 हजार योजना के तहत लाभ मिलेगा। यह राशि प्रसव के 9 माह तक यानी 270 दिन तक दी जानी है।
बैंक खाते में डाली जाएगी राशि
योजना में बदलाव के बाद विभाग ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को प्रशिक्षित किया है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने घर घर जाकर लाभार्थियों के पंजीकरण किए हैं, जिसे राशि भेजी जा रही है। लाभार्थी के सीधे बैंक खाते में राशि पहुंचती है। योजना में पहले लाभार्थियों को ई-मित्र केंद्र पर आवेदन कराना होता था। अब गांवों में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को सूचना मिलते ही पात्र के घर पहुंच अपने स्मार्ट फोन से ऑनलाइन आवेदन करेंगी।