देश में आतंकी हमले के बाद बीकानेर पुलिस जिले में खुफिया तंत्र को मजबूत करने में जुट गई है। मुखबिर योजना को फिर से मजबूती देने पर शुरू हुआ काम।
Rajasthan Police: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद बीकानेर पुलिस हर स्तर पर अलर्ट हो गई है। सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता बनाने के लिए अब जिले में पुलिस मुखबिर तंत्र को मजबूती देने की योजना पर तेजी से काम हो रहा है। इसका मकसद है हर गली में एक ‘गोपीचंद’, यानी ऐसा आम नागरिक खड़ा करना, जो खुफिया जानकारी देकर अपराधों की रोकथाम में भूमिका निभाए।
पुलिस अधीक्षक कावेन्द्र सिंह सागर ने जिले के सभी 32 थानों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्र में मुखबिर नेटवर्क को फिर से सक्रिय करें। इस अभियान के तहत स्थानीय नागरिकों को प्रशिक्षित किया जाएगा, ताकि वे संदिग्ध गतिविधियों को पहचानकर पुलिस तक गोपनीय रूप से जानकारी पहुंचा सकें।
सूचना देने वालों की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। इसके लिए पुलिस ने विशेष मोबाइल नंबर 9530414947 जारी किया है। इस नंबर पर अपराध या संदिग्ध गतिविधियों से जुड़ी कोई भी सूचना दी जा सकती है।
बीकानेर पुलिस ने हाल ही में अपराधों में बढ़ोत्तरी और मुखबिर तंत्र की कमजोरी को पहचानते हुए यह कदम उठाया है। पुलिस को इनपुट मिले हैं कि सूचना की कमी के कारण कई अपराधी कार्रवाई से बच निकलते हैं। इसे रोकने के लिए ऑपरेशन लैश आउट, पब्लिक पंचायत, और मुखबिर मित्र कार्यक्रम जैसे अभियानों को नए सिरे से सक्रिय किया जाएगा। थानों पर नियमित बैठकों के जरिए गांव-गांव संपर्क बढ़ाया जाएगा। पहले से चिन्हित करीब 25,000 शरारती तत्वों की निगरानी भी कड़ी की जा रही है। कई पर गुंडा एक्ट के तहत कार्रवाई की जा रही है।
बीकानेर में मुखबिर तंत्र को मजबूत किया जाएगा। इसको लेकर थानों पर बैठकें होंगी। शरारती और आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के बारे में जानकारी देने वाले नागरिकों के नाम गोपनीय रखे जाएंगे।
सौरभ तिवाड़ी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर
| बीकानेर जिला एक नजर में … | |
| जनसंख्या | 28 लाख |
| पुलिस थाने | 32 |
| हिस्ट्रीशीटर | 452 |
| आपराधिक मामले दर्ज | 7268 |
| सीएलजी सदस्य | 4406 |
| पुलिस मित्र | 595 |
| ग्राम रक्षक | 541 |
| सुरक्षा सखी | 715 |