Coronavirus Update: कोरोनोवायरस महामारी को देखते हुए दुनियाभर के चिकित्सा पेशेवर कोरोना पीड़ितों की मदद के लिए अपना बेहतर देने की कोशिश कर रहे हैं। चाहे इसके लिए उन्हें कितनी भी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा हो। ऐसी ही एक मिसाल तमिलनाडु की एक नर्स ने कायम की है। जिन्होंने अपनी सेहत के परवाह किए बगैर...
coronavirus Update In Hindi: कोरोनोवायरस महामारी को देखते हुए दुनियाभर के चिकित्सा पेशेवर कोरोना पीड़ितों की मदद के लिए अपना बेहतर देने की कोशिश कर रहे हैं। चाहे इसके लिए उन्हें कितनी भी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा हो। ऐसी ही एक मिसाल तमिलनाडु की एक नर्स ने कायम की है। जिन्होंने अपनी सेहत के परवाह किए बगैर COVID-19 पीड़ितों की सहायता करने के लिए 250 किलोमीटर का रास्ता तय किया।
तीन दिन में करनी थी ज्वाइनिंग
तमिलनाडु के रामनाथपुरम की रहने वाली 25 साल की एक महिला नर्स एस विनोथिनी, जो आठ महीने की गर्भवती है, आखिरकार गुरुवार को कार से तिरुचि से रामनाथपुरम पहुंचने में कामयाब रही। वे तिरुचि के एक निजी अस्पताल में नर्स के रूप में कार्यरत थी। उन्हें तीन दिनों के भीतर रामनाथपुरम प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) में ड्यूटी ज्वाइन करने के लिए एक प्रस्ताव पत्र भेजा गया था, जिसके बाद उन्होंने ये यात्रा की।
काेराेनावायरस महामारी से निपटने के लिए हुआ चयन
रिपोर्ट के अनुसार विनोथिनी को रामनाथपुरम स्वास्थ्य सेवाओं के संयुक्त निदेशक (जेडी) ने बुधवार को फोन करके सूचित किया था कि उन्हें कॉन्ट्रैक्ट के आधार पर नर्सिंग पद के लिए COVID-19 महामारी के मद्देनजर चुना गया है।
पर्यटन मंत्री ने की मदद
डीवाईएफआई के जिला सचिव पी लेनिन की मदद से, उन्होंने पर्यटन मंत्री वेल्लामंडी एन नटराजन से संपर्क किया और तत्काल समय में उनकी मदद का अनुरोध किया। मंत्री के निर्देश पर, कलेक्टर एस शिवरासु ने गुरुवार को एक पास जारी किया, जिसने उन्हें लॉकडाउन के दौरान जिलों से गुजरने की अनुमति दी। विनोथिनी ने अपने पति के साथ एक कार किराए पर ली और तिरुचि से 250 किमी की यात्रा कर वे रामनाथपुरम पहुंची।