टीकाकरण की प्रक्रिया को डिजिटल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया जा रहा है। अब टीकाकरण का पूरा रिकॉर्ड डिजिटल रूप में उपलब्ध होगा, जिससे नागरिकों का टीकाकरण डेटा सुरक्षित व सुव्यवस्थित रखा जा सकेगा।
छतरपुर. टीकाकरण की प्रक्रिया को डिजिटल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया जा रहा है। अब टीकाकरण का पूरा रिकॉर्ड डिजिटल रूप में उपलब्ध होगा, जिससे नागरिकों का टीकाकरण डेटा सुरक्षित व सुव्यवस्थित रखा जा सकेगा। इस नई प्रणाली के तहत नागरिक यूविन पोर्टल का उपयोग करके टीकाकरण का स्थान और समय भी बुक कर सकेंगे, जिससे टीकाकरण की प्रक्रिया को सरल और सुविधाजनक बनाया जा सकेगा।
स्वास्थ्य विभाग ने यूविन पोर्टल की शुरुआत की है। इस पोर्टल की मदद से गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं को लगने वाले सभी वैक्सीनेशन का डिजिटल रिकॉर्ड रखा जाएगा। ये पोर्टल कोविड के दौरान बनाए गए कोविन पोर्टल की तर्ज पर काम करेगा। सभी डाटा ऑनलाइन उपलब्ध रहेगा। जिले में पोर्टल ने काम करना शुरू कर दिया है। अभी तक वैक्सीनेशन का डाटा ऑनलाइन संभालना चुनौती का काम होता था, इसके साथ ही गर्भवती माताओं को वैक्सीनेशन के कार्ड थमाए जाते थे, इसी कार्ड में टीके नाम और पूरा ब्यौरा दर्ज रहता था। इसमें सबसे बड़ी दिक्कत रहती थी कि एक बार कार्ड गुम जाता था, तो टीकाकरण गड़बड़ा होगा। इस पोर्टल के जरिए गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं को लगने वाले सभी वैक्सीन का डाटा एक जगह रखा जा सकेगा। नवजात शिशु से लेकर 17 साल तक की उम्र तक हर बच्चे का वैक्सीनेशन रिकॉर्ड इस पोर्टल पर होगा।
यू- विन पोर्टल में खसरा, रूबेला, डिप्थीरिया, न्यूमोकोकल, निमोनिया, मेनिनजाइटिस, हेमोफिलस इन्फ्लुएंजा टाइप बी, पटुसिस, पोलियो, रोटा वायरस, डायरिया, हेपेटाइसिस बी के कारण होने वाला निमोनिया जैसी सभी वैक्सीनेशंस का रिकॉर्ड शामिल रहेगा। यह पोर्टल कोविड- 19 वैक्सीन मैनेजमेंट सिस्टम के आधार पर तैयार किया गया है। यू-विन पोर्टल में हर वैक्सीनेशन प्रोग्राम का रिकॉर्ड रखा जाएगा, इसमें क्यू-आर स्कैन के जरिए जो भी वैक्सीनेशन हुआ है, उसका प्रमाणपत्र डिजिटल रूप से प्राप्त हो जाएगा। इस प्रमाण पत्र को आप कही से भी एक्सेस कर डाउनलोड कर पाएंगे। इसके लिए यू-विन पोर्टल या ऐप के जरिए इस पोर्टल में अपना रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य होगा ।
पोर्टल के जरिए वैक्सीनेशन की अपॉइटमेंट भी शेड्यूल कर सकेंगे। एक बार में इस पोर्टल में रजिस्ट्रेशन कराने के बाद ये पोर्टल आपको अगली अपाइटमेंट या ड्यू वैक्सीनेशन के बारे में एसएमएस के जरिए अलर्ट भी भेजेगा, ताकि आपके बच्चे की कोई भी वैक्सीनेशन मिस न हो सके।
नागरिक पोर्टल पर टीकाकरण के लाभ, इसके प्रकार, संभावित दुष्प्रभाव, और देखभाल संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी भी देख सकेंगे। यह कदम न केवल टीकाकरण की प्रक्रिया को सरल बनाएगा, बल्कि इससे स्वास्थ्य जागरूकता भी बढ़ेगी। इस डिजिटल प्रणाली का उद्देश्य टीकाकरण की प्रक्रिया को अधिक सुरक्षित, सुलभ और पारदर्शी बनाना है। सरकार का मानना है कि यह कदम टीकाकरण कवरेज बढ़ाने और स्वास्थ्य सेवाओं तक सभी की पहुंच आसान बनाने में मददगार होगा।
जिले में यूविन पोर्टल से काम करना शुरू कर दिया है। इसमें महिलाओं, शिशुओं के वैक्सीनेशन में काफी सहूलियत होगी। देश में कहीं पर भी वैक्सीनेशन कराया जा सकेगा।
राजेंद्र खरे, डीपीएम, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन