
Marnus Labuschagne, Australia vs Bangladesh, 2nd Test: बांग्लादेश के खिलाफ पहले टेस्ट में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद साउथ मैके के ग्रेट बैरियर रीफ एरिना में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट की पहली पारी में भी ऑस्ट्रेलिया की हालत खस्ता रही। बांग्लादेश को पहली पारी में 64 रनों पर समेटने के बाद कंगारू टीम ने 210 के स्कोर पर ही ढेर हो गई।
मार्नस लाबुशेन की खराब फॉर्म इस मुकाबले में भी जारी रही और वह पहली पारी में महज 4 रन बनाकर आउट हुए। लाबुशेन के एक और खराब प्रदर्शन के बाद ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग ने उन्हें टीम से हटाने की मांग की है। इस पारी ने लाबुशेन के गिरते हुए प्रदर्शन के सिलसिले को और बढ़ा दिया है। उन्होंने अपनी पिछली 10 पारियों में एक भी फिफ्टी नहीं लगाई है और एशेज 2023 के बाद से कोई सेंचुरी भी नहीं लगा सके हैं।
पोंटिंग ने 'सेवन' चैनल पर लाबुशेन के बारे में कहा, "मैं उस कोशिश की तारीफ करता हूं जो सिलेक्टर उन्हें वापस फॉर्म में लाने के लिए कर रहे हैं। हालांकि, अब बहुत समय हो चुका है। मैं तो इस सीरीज की शुरुआत में ही बदलाव कर देता। उनकी तकनीक में कुछ कमी है, लेकिन वे गेंदबाजों को गलती करने की बहुत अधिक गुंजाइश दे रहे हैं।"
पोंटिंग ने आगे कहा, "वह बैकफुट पर खेलकर रन नहीं बना पा रहे हैं, और अगर आप टेस्ट क्रिकेट में बैकफुट पर रन नहीं बना सकते, तो बैटिंग मुश्किल हो जाती है। गेंदबाजों को अब पता है कि वे ऑफ स्टंप पर 10 मीटर से 4 मीटर की दूरी के बीच और जितना चाहें उतना वाइड गेंद डाल सकते हैं, और वह उन्हें नुकसान नहीं पहुंचा सकते। अब किसी और खिलाड़ी को आजमाने का सही समय आ गया है।"
पोंटिंग ने पहले भी डार्विन में पहले टेस्ट मैच में बांग्लादेश के हाथों ऑस्ट्रेलिया की बुरी हार के बाद टॉप-ऑर्डर बैटिंग में युवा खिलाड़ियों को शामिल करने की वकालत की थी। पोंटिंग ने कहा था कि वे बदलाव की मांग करने वाले आखिरी व्यक्ति होंगे, लेकिन प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें लगता है कि यह जरूरी हो गया है।
पोटिंग ने कहा, "देखिए, मैं बदलाव करने की बात करने वाला आखिरी व्यक्ति हूं। एक कप्तान या खिलाड़ी के तौर पर मैं टीम को एकजुट रखना चाहता था। जब तक हालात बहुत खराब न हो जाएं, तब तक मैं किसी को बाहर करने की बात नहीं करता। हालांकि, यहां आने से पहले ही ऐसे संकेत मिल चुके थे कि टीम में बदलाव शुरू कर देने चाहिए, जैसे किसी नए ओपनर या नंबर 3 पर किसी नए खिलाड़ी को लाने से कोई नुकसान नहीं होगा। मुझे लगता है कि ऐसा होना ही चाहिए।"
डार्विन की हार के बाद, ऑस्ट्रेलिया ने खराब फॉर्म से जूझ रहे ओपनर जेक वेदरल्ड की जगह तीन साल बाद मैट रेनशॉ को टीम में वापस बुलाया, लेकिन यह बाएं हाथ का बल्लेबाज सिर्फ 8 रन ही बना सका, जबकि ट्रेविस हेड ने 22 रन बनाए। हेड ने इंग्लैंड के खिलाफ टॉप ऑर्डर में शानदार खेल दिखाया था और पिछली चार पारियों में कोई अर्धशतक न बना पाने के बाद अब वह और रन बनाना चाहेंगे।