धौलपुर

सालों से दौड़ रही थी, आज पकड़ में आई फर्जी रोडवेज बसें

राजस्थान रोडवेज बस की हूबहू नकल कर सडक़ों पर दौड़ रही बसों के खिलाफ जिला परिवहन एवं सडक़ सुरक्षा विभाग ने कार्रवाई की। संघन जांच अभियान के अंतर्गत सोमवार को परिवहन विभाग की टीम ने फर्जी रूप से चल रही आधा दर्जन निजी बसों को सीज किया है।
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सालों से दौड़ रही थी, आज पकड़ में आई फर्जी रोडवेज बसें Fake roadways buses were running for years, caught today

- परिवहन विभाग ने सीज की आधा दर्जन प्राइवेट बसें

- निजी बसों पर रोडवेज जैसा रंग-रोगन और राजस्थान रोडवेज भी करवा रखा था अंकित

धौलपुर. राजस्थान रोडवेज बस की हूबहू नकल कर सडक़ों पर दौड़ रही बसों के खिलाफ जिला परिवहन एवं सडक़ सुरक्षा विभाग ने कार्रवाई की। संघन जांच अभियान के अंतर्गत सोमवार को परिवहन विभाग की टीम ने फर्जी रूप से चल रही आधा दर्जन निजी बसों को सीज किया है। यह राजस्थान रोडवेज की बस जैसा कलर करके चला रहे थे। हालांकि, बता दे ंकि उक्त बसें करौली और धौलपुर-भरतपुर मार्ग पर लम्बे अर्से से दौड़ रही हैं। काफी समय बाद इनके खिलाफ कार्रवाई हुई है। इससे पहले भी राजाखेड़ा उपखंड में एक निजी बस में विद्युत केबिल से लगी आग और एक महिला की मौत का मामला सामने आ चुका है। इसमें भी उक्त निजी बस यूपी व एमपी के रजिस्ट्रेशन से यहां दौड़ रही थी।

डीटीओ गौरव यादव ने बताया कि परिवहन विभाग की टीमें वाहनों की जांच कर रही थी। सूचना मिल रही थी कि कुछ लोग अपनी निजी बसों पर रोडवेज बेसन की तरह रंग करा कर उन्हें अवैध रूप से संचालित कर रहे हैं। जिस पर टीमों ने रोडवेज अंकित बसों में कुछ त्रुटियां नजर आई। धौलपुर से करौली, करौली से भरतपुर रोड पर चलने वाली बस में लिखा था। बसों पर राजस्थान परिवहन से संबंधित अंकित है। परिवहन विभाग की टीम ने बस के कागजों की जांच कराई तो पाया कि बस राजस्थान रोडवेज की नहीं है। बस में मौजूद यात्रियों से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि परिचालक में उन्हें टिकट भी नहीं दिया।

केन्द्रीय बस स्टैंड के पास से ही संचालित...

परिवहन विभाग ने रोडवेज के रंग रूप में दौड़ रही बसों के खिलाफ कार्रवाई की है। लेकिन खास बात ये है कि यह बसें आगरा रोड की सर्विस रोड, राजाखेड़ा बाइपास और केन्द्रीय बस स्टैंड से खुलेआम दौड़ रही थी। लेकिन इसके बाद भी किसी ने इन पर निगाह नहीं की। रोडवेज प्रशासन की ओर से भी इनके खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई। जबकि भरतपुर मार्ग पर यह बसें लम्बे अर्से से दौड़ रही थी और उक्त बसें रोडवेज बस के आगे चलती थी और राजस्व का चपत लगा रही थी।

निगम की 40 और अनुबंधित 22बसें

धौलपुर डिपो की वर्तमान में सडक़ों पर करीब 40 बसें संचालित हैं। जबकि रोडवेज से अनुबंधित बस करीब 22 हैं। करीब 62 बसें संचालित है। इसमें बीएस6 मॉडल की दो बस धौलपुर-दिल्ली और बीएस 4 की आठ बसें और और बीएस 4 की अनुबंधित छह बसें शामिल हैं। रोडवेज को साल 2017 मॉडल की 20 बस, साल 2020 की 10 और 2024 मॉडल की 10 बसें हैं।

- सरकार के राजस्व को हानि पहुंचाने वालों को छोड़ा नहीं जाएगा। टीमों ने यात्रियों को रोडवेज की बस बताकर सडक़ पर दौड़ रही करीब आधा दर्जन बसों को सीज किया है। जांच अभियान जारी है।

- गौरव यादव, डीटीओ, धौलपुर

Updated on:
09 Dec 2025 06:44 pm
Published on:
09 Dec 2025 06:44 pm