
नई दिल्ली। आजकल कई लोग खून की कमी के शिकार हैं। दरअसल उनके ब्लड में हीमोग्लोबिन की मात्रा कम होती है। जिसके चलते उन्हें थकान और कमजोरी महसूस होती है। इस समस्या को दूर करने के लिए मिश्री का सेवन सबसे ज्यादा फायदेमंद होता है।
1.आयुर्वेद विज्ञान के अनुसार मिश्री में कई ऐसे पोषक तत्व होते हैं जो शारीरिक कमियों को दूर करने में मदद करते हैं। ये खून की कमी यानि एनीमिया की बीमारी में बेहद कारगर है। रोजाना एक चम्मच मिश्री के सेवन से ये समस्या दूर हो सकती है।
2.मिश्री में एंटी बैक्टीरियल तत्व होते हैं जो संक्रमण से बचाते हैं। इसलिए रोजाना रात को सोने से पहले आधा चम्मच काली मिर्च, एक चम्मच मिश्री और एक चम्मच घी को मिलाकर खा लें। इससे सर्दी-जुकाम ठीक हो जाएगा।
3.मिश्री का सेवन पेट के लिए भी बहुत फायदेमंद है। इसे एक चम्मच सौंफ के साथ अच्छे से चबाकर खाने से खाना ठीक से पचता है। इसे खाने का सही समय भोजन के बाद है।
4.मिश्री एनर्जी बढ़ाने का भी काम करती है। इसलिए रोजाना इसे सुबह नाश्ते के बाद खाने से दिनभर ताकत बनी रहती है। इससे शरीर चुस्त-दुरुस्त रहता है।
5.मिश्री खाने से मोतियाबिंद में भी राहत मिलती है। इसके लिए दिन में कम से कम तीन से चार बार मिश्री का सेवन करें।
6.जिन लोगों की याददाश्त कमजोर है उन्हें रोजाना रात में सोने से पहले दूध में मिश्री मिलाकर पीना चाहिए। इससे एकाग्रशक्ति बढ़ती है।
7.अगर किसी के नाक से खून आ रहा है या नकसीर की बीमारी हो तो इसे रोकने के लिए मिश्री खाएं।
8.कई बार मुंह में बैक्टीरिया के जमने से बदबू आने लगती है और मसूड़े भी खराब हो जाते हैं। इस समस्या से निजात पाने के लिए दिन में दो से तीन बार मिश्री को अच्छे से चबाकर खाएं।
9.मिश्री को दूध और छुआरे के साथ मिलाकर खाने से शारीरिक क्षमता बढ़ती है। इससे थकान और कमजोरी से छुटकारा मिलता है।
10.मिश्री खाने से शारीरिक कमियां दूर होती हैं। इससे इम्यूनिटी भी बढ़ती है। ऐसे में वायरल बुखार या अन्य बीमारियों का खतरा कम होता है।