
Indore news: रक्षाबंधन पर भाइयों की कलाई पर राखी बांधने के लिए घर जाने वाली बहनों के लिए इस बार सफर महंगा पडऩे वाला है। त्योहार से पहले बसों की सीटों की मांग बढ़ते ही किराए में भी बड़ा उछाल आ गया है। जिन यात्रियों ने पहले से टिकट बुक कर लिए उन्हें राहत है, लेकिन अंतिम समय में टिकट लेने वालों को कई रूट पर सामान्य से करीब दोगुना किराया चुकाना पड़ रहा है। निजी बस ऑपरेटरों के साथ चार्टर्ड बस सेवा में भी किराया बढ़ गया है। इंदौर से पुणे जाने वाले यात्रियों के लिए स्थिति सबसे ज्यादा चौंकाने वाली है।
आम दिनों में इस रूट पर बस का किराया करीब 1300 से 1500 रुपए रहता है, लेकिन 27 अगस्त यानी रक्षाबंधन से एक दिन पहले की तारीख के लिए अलग-अलग ऑनलाइन टिकट बुकिंग वेबसाइटों पर किराया 2600 से 3000 रुपए तक दिखाई दे रहा है। यानी यात्रियों को सामान्य दिनों की तुलना में करीब दोगुनी राशि खर्च करनी पड़ रही है। पुणे से इंदौर आने वाले यात्रियों के लिए भी किराए में इसी तरह बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।
इंदौर-भोपाल सहित अन्य प्रमुख रूट पर भी त्योहार का असर बस किराए पर दिखाई दे रहा है। चार्टर्ड बस सेवा में जहां सामान्य दिनों में इंदौर से भोपाल का किराया करीब 328 रुपए रहता है, वहीं 27 अगस्त की बुकिंग में यह बढ़कर करीब 560 रुपए तक पहुंच गया है। इससे त्योहार पर घर जाने वाले यात्रियों का बजट बिगड़ रहा है।
आरटीओ प्रदीप शर्मा ने बताया कि ऑल इंडिया रूट पर चलने वाली बसों का किराया निर्धारित नहीं होता, जबकि प्रदेश के भीतर चलने वाली स्टेट कैरिज बसों का किराया निर्धारित रहता है। यदि कोई बस संचालक निर्धारित किराए से अधिक राशि वसूलता है तो उसके खिलाफ जांच की जाएगी और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
त्योहार को देखते हुए जिन यात्रियों ने कई दिन पहले टिकट बुक कर लिया था, उन्हें अपेक्षाकृत कम किराए में सफर करने का मौका मिल गया। वहीं अंतिम समय में घर जाने की योजना बनाने वाले यात्रियों के सामने बढ़ा हुआ किराया चुकाने के अलावा दूसरा विकल्प कम ही बचा है। यात्रियों का कहना है कि त्योहार के समय मांग बढऩे पर किराए में इतनी बड़ी बढ़ोतरी से परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ रहा है।