Indore Pollution Case: बढ़ते प्रदूषण पर हाईकोर्ट की फटकार के बाद राज्य सरकार का बड़ा खुलासा सामने आया है। 1008 उद्योग बिना प्रदूषण एनओसी चल रहे थे। कोर्ट के निर्देश पर इन्हें नोटिस जारी किए गए हैं।
MP News:इंदौर में बढ़ते प्रदूषण को लेकर हाई कोर्ट द्वारा लिए स्वतः संज्ञान याचिका पर राज्य सरकार ने जवाब पेश कर दिया है। इसमें सरकार ने खुद माना है कि 5917 उद्योगों में से 1008 उद्योग ऐसे हैं, जो बगैर एनओसी के चल रहे थे। इन सभी को नोटिस जारी कर दिया गया है। इसमें कहा गया है कि ये या तो एनओसी ले या अपने उद्योगों को बंद कर दें। हाई कोर्ट ने प्रदूषण नियंत्रण विभाग की ऑडिट रिपोर्ट के मुताबिक 5917 इकाइयां को एनओसी जारी नहीं होने को लेकर 8 दिसंबर को स्वतः संज्ञान लेते हुए सुनवाई शुरू की थी।
इस दौरान पिछली सुनवाई पर सरकार की ओर से जवाब पेश नहीं हुआ था। जिस पर कोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा था कि सरकार जवाब पेश करे अन्यथा संबंधित अधिकारी कोर्ट में उपस्थित हो। इसके बाद इस सुनवाई पर सरकार की ओर से जवाब पेश कर दिया गया है। इसमें कोर्ट को पूरा हिसाब-किताब दिया गया है। साथ ही बताया गया है कि बगैर एनओसी के चल रही यूनिटस को नोटिस जारी कर दिए गए है, यदि वे एनओसी नहीं लेते हैं तो उन पर कार्रवाई की जाएगी।
इसी तरह से 751 अस्पतालों के लिए भी संबंधित जिलों के सीएमएचओ के जरिए निर्देश जारी किए हैं कि वे प्रदूषण की एनओसी लें। अन्यथा उन पर कार्रवाई की जाएगी। उपमहाधिवक्ता सुदीप भार्गव ने जवाब पेश करने की पुष्टि की है। कोर्ट में सरकार के जवाब आने के बाद अब इस पर अगले सप्ताह सुनवाई हो सकती है।