
जबलपुर। केंद्र सरकार की कुसुम सोलर योजना के नाम पर जालसाजों ने फर्जी वेबसाइट बना डाला। 90 प्रतिशत तक सब्सिडी वाली इस योजना का लाभ लेेने बड़ी संख्या में आवेदक फर्जी वेबसाइट की चक्कर में फंस कर लुट रहे हैं। ऐसा ही एक प्रकरण स्टेट सायबर सेल में पहुंचा है। शहर निवासी इंटीरियर डेकोरेटर ने फर्जी वेबसाइट पर आवेदन किया। फिर जालसाजों ने 10 प्रतिशत की राशि के अनुसार 55 हजार रुपए जमा करा लिए।
स्टेट सायबर सेल से मिली जानकारी के अनुसार शिवनगर निवासी इंटीरियर डेकोरेटर मेघा जैन ने चार दिन पहले शिकायत कर बताया कि उनके पिता मुकेश जैन ने कुछ दिन पहले कुसुम सोलर योजना के अंतर्गत सोलर पम्प लगवाने के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। मुकेश जैन ने गूगल पर सर्च कर वेबसाइट डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू कुसुम सोलर योजना डॉट ओआरजी पर ऑनलाइन आवेदन किया था। जबकि ये वेबसाइट फर्जी है। एसपी अंकित शुक्ला के मुताबिक गूगल पर एड देकर किसी भी वेबसाइट का प्रमोशन कराया जाता है। इससे मिलते-जुलते नाम सर्च करने पर इस तरह के वेबसाइट का लिंक सबसे पहले ओपन होता है। उन्होंने व्यक्तिगत जानकारी भर दी। बाद में इस वेबसाइट की ओर से कॉल आया और 10 प्रतिशत मार्जिन मनी के तौर पर 55 हजार रुपए जमा करा लिया। जब सोलर पम्प नहीं मिला और छानबीन की तो सच सामने आया। स्टेट सायबर सेल ने प्रकरण दर्ज कर मामला जांच में लिया है।
फर्जी वेबसाइट से इस तरह बचें-
एसपी सायबर सेल अंकित शुक्ला ने बताया कि अपराधी सरकारी योजना से मिलते-जुलते नाम पर फर्जी वेबसाइट तैयार कर गूगल ऐड से उसे सर्च में नम्बर वन पर दिखाते हैं। गूगल एड वाली कोई भी वेबसाइट पर कोई जानकारी साझा न करें। सरकारी योजना सर्च करने के लिए सरकारी वेबसाइट पर ही प्राप्त होगी।