कोटमसर की प्राकृतिक सौंदर्य को झील के रास्ते देख सकेंगे सैलानी
जगदलपुर . बस्तर में पर्यटन उद्योग व पर्यटन को बढ़ावा देने, सैलानियों को बस्तर की ओर आकर्षित करने प्रबंधन अनेक तरीके अपना रही है। कांगेरघाटी राष्ट्रीय उद्यान में स्थित कैलाश झील में अब प्रबंधन फ्लोङ्क्षटग राफ्ट राइड (बांस की फ्लेट नाव) शुरुआत करने जा रही है। फिलहाल यहां दो से तीन नाव चलाने की योजना है।
कैलाश झील में मिलेगी सुविधा - कांगेरघाटी राष्ट्रीय उद्यान धम्मशील गणवीर ने बताया कि फिलहाल कांगेरवैली स्थित कैलाश गुफा के झील में इसका संचालन किया जाएगा। इसके लिए स्थानीय युवाओं को ट्रेङ्क्षनग दिया जा चुका है व कुछ दिनों से ट्रायल किया जा रहा है। वर्तमान में समिति के युवाओं को इसकी जिम्मेदारी दिया जाएगा।
देश में बस्तर होगी दूसरी जगह - जानकारी के मुताबिक वर्तमान में फ्लोङ्क्षटग राफ्ट राइड की सुविधा पूरे देश सिर्फ पर्यटन प्रदेश केरल में है। इसके बाद अब इसकी शुरुआत बस्तर में किया जा रहा है। इस तरह बस्तर पर्यटकों के लिए फ्लोङ्क्षटग राफ्ट राइड उपलब्ध कराने वाला दूसरा राज्य होगा।
होम स्टे के पर्यटकों को मिलेगा मौका
पार्क प्रबंधन के मुताबिक फ्लोङ्क्षटग राफ्ट राइङ्क्षडग शुरुआत में बस्तर में होम स्टे के लिए पहुंचे सैलानियों को इसकी सुविधा दी जाएगी। कैलाश झील में इसके लिए विशेष रूप से प्लेटफार्म तैयार किया जा रहा है।
प्रकृति को करीब से देख सकेंगे सैलानी - फ्लोङ्क्षटग राफ्ट राइड विशेषकर बांस की पतली डंडियों से बना फ्लेट नाव होता है जिसमें अधिकम तीन पर्यटकों को सवार किया जाएगा। इससे पर्यटक झील के रास्ते बस्तर की प्रकृति के करीब जा सकेंगे। राइड का संचालन कुशल नाविक के द्वारा किया जाएगा।
बस्तर में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। यहां ईको टूरिज्म को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राफ्ट राइड की तैयारी की जा रही है। इससे आने वाले दिनों में सैलानी बस्तर को और करीब से देख व समझ सकेंगे। धम्मशील गणवीर, डायरेक्टर कांगेरघाटी राष्ट्रीय उद्यान