राजस्थान की राजनीति में इन दिनों एक नाम सुर्खियों में है, लेकिन यह कोई नया राजनेता नहीं, बल्कि राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के हूबहू दिखने वाले एक शख्स हैं। डीडवाना जिले के लाडनूं में रहने वाले 42 वर्षीय नरेश कुमार सिंधी रातों-रात इंटरनेट सेंसेशन बन गए हैं।
सोशल मीडिया की ताकत कहें या कुदरत का करिश्मा, राजस्थान की राजनीति के सबसे मुखर चेहरों में से एक कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा का हमशक्ल इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। डीडवाना जिले के लाडनूं क्षेत्र में रहने वाले नरेश कुमार सिंधी को पहली नजर में देखने वाला हर शख्स धोखा खा जाता है। डोटासरा जैसी मूंछें, वही कद-काठी और बोलने का अंदाज—नरेश सिंधी हूबहू प्रदेश अध्यक्ष की कार्बन कॉपी नजर आते हैं।
नरेश कुमार सिंधी पेशे से मेडिकल क्षेत्र में काम करते हैं और साथ ही अपना खुद का कैटरिंग का व्यवसाय भी चलाते हैं। हाल ही में वे एक शादी समारोह में कैटरिंग के काम से गए थे। वहां नाश्ता करते हुए किसी व्यक्ति ने उनका वीडियो बना लिया और सोशल मीडिया पर डाल दिया। वीडियो इतना जबरदस्त वायरल हुआ कि लोग इसे डोटासरा का निजी वीडियो समझने लगे।
नरेश कुमार मूलतः जयपुर के रहने वाले हैं, लेकिन पिछले 20 सालों से वे लाडनूं में बस गए हैं। दरअसल, लाडनूं में नरेश कुमार का ससुराल है, जिस वजह से वे यहीं रहकर अपना काम-काज संभाल रहे हैं। वे अपनी घर-गृहस्थी और काम में व्यस्त रहने वाले साधारण व्यक्ति हैं, जिनका राजनीति से सीधा कोई लेना-देना नहीं है।
नरेश कुमार बताते हैं कि वीडियो वायरल होने के बाद से उनकी जिंदगी बदल गई है। अब वे कहीं भी जाते हैं, तो लोग उन्हें घेर लेते हैं।
नरेश ने बताया, "एक शादी में जब मैं बुकिंग के लिए गया, तो लोग मुझे देखकर अवाक रह गए। अब तो आलम यह है कि गली-मोहल्ले में लोग मुझे 'डोटासरा जी आओ, डोटासरा जी आओ' कहकर आवाज लगाते हैं। पहले मुझे हैरानी हुई, लेकिन अब मुझे आश्चर्य होता है कि कुदरत ने किसी को इतना मिलता-जुलता कैसे बनाया।"
अपनी सादगी और विनम्रता के लिए पहचाने जाने वाले नरेश कुमार का कहना है कि वे राजनीति में आने की कोई इच्छा नहीं रखते। उन्होंने हंसते हुए कहा, "अपन तो घर-गृहस्थी वाले आदमी हैं। डोटासरा जी बड़े नेता हैं, हम तो छोटे से आदमी हैं। शक्लें मिलती हैं ये इत्तेफाक है, बाकी उन जैसा तो अपन बन ही नहीं सकते। वो अपनी जगह हैं, हम प्लेयर लोकल हैं।"
दिलचस्प बात यह है कि नरेश कुमार ने असली गोविंद सिंह डोटासरा को आज तक सामने से नहीं देखा है। उन्होंने बताया कि अगर प्रदेश अध्यक्ष उन्हें कभी बुलाते हैं, तो वे उनसे जरूर मिलना चाहेंगे। सोशल मीडिया पर अब यह मांग उठ रही है कि 'असली' और 'नकली' डोटासरा को एक साथ मंच पर देखा जाए।