जयपुर

महाराष्ट्र-यूपी में साइबर ठगी की रकम से जयपुर में खरीदी चांदी, बैंक ने व्यापारी के खाते में आए 1.66 लाख रुपए किए होल्ड

जौहरी बाजार में ऑनलाइन भुगतान पर आंख मूंदकर भरोसा करना एक ज्वेलर को भारी पड़ गया। पांच लोग दुकान पर पहुंचे और 600 ग्राम चांदी के दो सिक्के खरीदकर फोन-पे के जरिए पांच बार में कुल 1.67 लाख रुपए का भुगतान किया।
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Aug 17, 2026
jaipur cyber crime
Jaipur Cyber Fraud: (सांकेतिक फोटो-एआई जेनरेटेड)

जयपुर। जौहरी बाजार में ऑनलाइन भुगतान पर आंख मूंदकर भरोसा करना एक ज्वेलर को भारी पड़ गया। पांच लोग दुकान पर पहुंचे और 600 ग्राम चांदी के दो सिक्के खरीदकर फोन-पे के जरिए पांच बार में कुल 1.67 लाख रुपए का भुगतान किया। मोबाइल पर भुगतान की जानकारी देखकर दुकानदार ने चांदी के सिक्के सौंप दिए और जीएसटी बिल भी जारी कर दिया। अगले दिन बैंक से मिली सूचना पर व्यापारियों में दहशत है।

अजमेर रोड स्थित नीलकण्ठ कॉलाेनी निवासी व्यापारी अवधेश बंसल ने माणक चौक थाने में ठगी के संबंध में 15 अगस्त को एफआईआर दर्ज करवाई है। रिपोर्ट में बताया कि पांच लोग हल्दियों का रास्ता में स्थित उनकी फर्म पहुंचे थे। उन्होंने 500 ग्राम और 100 ग्राम के दो चांदी के सिक्के खरीदे। भुगतान के लिए उन्होंने परिवादी के स्कैनर पर पांच बार फोन-पे से क्रमश: 98,500, 25,000, 25,000, 17,500 और 1,000 रुपए डाले। कुल 1.67 लाख रुपए का भुगतान दिखाई देने पर परिवादी ने 600 ग्राम चांदी के सिक्के दे दिए।

अगले दिन एचडीएफसी बैंक, जौहरी बाजार शाखा से दुकानदार को पता चला कि भुगतान में से 1.66 लाख रुपए होल्ड कर दिए गए हैं। बैंक ने बताया कि 98,500 रुपए के संबंध में महाराष्ट्र के अलंकार थाना क्षेत्र से और 67,500 रुपए के संबंध में उत्तर प्रदेश के बकेवर थाना क्षेत्र से ऑनलाइन धोखाधड़ी की शिकायत मिली है। इसके बाद खाते और भुगतान मशीन को भी बंद कर दिया गया। अब माणक चौक थाना पुलिस तकनीकी और सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के आधार पर ठगों की तलाश में जुटी है।

व्यापारियों के लिए सबक

सिर्फ मोबाइल स्क्रीन पर ‘पेमेंट सक्सेसफुल’ देखकर माल न सौंपें। खासकर बड़ी रकम के लेनदेन में बैंक खाते में वास्तविक क्रेडिट की पुष्टि करें। संदिग्ध ग्राहक, अलग-अलग मोबाइल नंबरों से भुगतान या कई बार में रकम आने पर अतिरिक्त सतर्कता बरतें। मोटी रकम देकर सामान खरीदने वाले की पहचान के दस्तावेज भी लें।

इधर, खुद को बैंक कर्मचारी बताकर वॉट्सऐप पर भेजी फाइल, क्लिक करते ही राशि निकाली

जयपुर। साइबर ठगों ने सीनियर सिटीजन कार्ड के फायदे बताकर एक बुजुर्ग को अपने जाल में फंसा लिया। खुद को बैंक कर्मचारी बताने वाले ठग ने वॉट्सऐप पर एक फाइल भेजी और उसे खोलकर कार्ड बनवाने की प्रक्रिया पूरी करने को कहा। जैसे ही बुजुर्ग ने फाइल पर क्लिक किया, उनके बैंक खाते से अलग-अलग ट्रांजेक्शन के जरिए 23 लाख 20 हजार 200 रुपए निकल गए। खास बात यह है कि रकम खाते से निकलने के दौरान पीड़ित के मोबाइल पर किसी तरह का ओटीपी नहीं आया।

मामले में देवी चिरंजीवी कॉलोनी निवासी सुनीश गोयल (56) ने महेश नगर थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई है। इसमें बताया कि 13 अगस्त को उनके पिता जगदीश प्रसाद के मोबाइल पर एक अनजान नंबर से कॉल आया था। कॉल करने वाले ने खुद को निजी बैंक का कर्मचारी बताया। उसने बुजुर्ग को सीनियर सिटीजन कार्ड के बारे में जानकारी दी और इसके फायदे गिनाए। ठग ने कार्ड बनवाने का झांसा देकर बुजुर्ग को बातचीत में उलझा लिया।

वॉट्सऐप पर भेजी फाइल, क्लिक करते ही शुरू हुए ट्रांजेक्शन

ठग ने सीनियर सिटीजन कार्ड बनवाने के नाम पर वॉट्सऐप पर एक फाइल भेजी। बुजुर्ग को फाइल खोलकर आगे की प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा गया। शिकायत के अनुसार बुजुर्ग ने वॉट्सऐप पर भेजी गई बीआईएन फाइल पर क्लिक कर दिया। इसके कुछ देर बाद ही उनके निजी बैंक बैंक खाते से अलग-अलग बार में रकम निकलनी शुरू हो गई।

मैसेज देख परिजनों को चला पता

खाते से रकम निकलने के बाद मोबाइल पर लगातार ट्रांजेक्शन के मैसेज आने लगे। मैसेज देखने के बाद परिजनों को बैंक खाते में हुई सेंध का पता चला। जांच में सामने आया कि कुछ ही समय में खाते से कुल 23 लाख 20 हजार 200 रुपए निकाल लिए गए। इसके बाद परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। महेश नगर थाना पुलिस अब बैंक खाते से हुए ट्रांजेक्शन, रकम किन खातों में गई और ठगी में इस्तेमाल मोबाइल नंबर व डिजिटल माध्यमों की जानकारी जुटा रही है।

Updated on:
17 Aug 2026 07:20 am
Published on:
17 Aug 2026 07:20 am