UPSC Result 2024: Rajasthan Topper Success Story जोधपुर की 22 साल की कृष्णा ने पहले प्रयास में ही हासिल की 73वीं रैंक, इंटरव्यू में पहला ही सवाल था- 22 साल में कैसे आइएएस तक पहुंच गईं, उत्तर उत्तर सुनकर बोर्ड हुआ प्रभावित
एक सप्ताह पहले 9 अप्रेल को संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) में आईएएस परीक्षा के इंटरव्यू का अंतिम दिन था। इंटरव्यू देने जोधपुर की 22 साल की कृष्णा जोशी भी पहुंचीं। पहला सवाल इंटरव्यू बोर्ड ने यही किया कि वह इतनी जल्दी इस कुर्सी तक कैसे पहुंच गई। कृष्णा ने तीन शब्द डिसिप्लिन, फोकस और विजन कहे। यहीं से इंटरव्यू बोर्ड प्रभावित हुआ और मंगलवार को घोषित परीक्षा परिणाम में 22 साल की कृष्णा को पूरे देश में 73वीं रैंक मिली। कृष्णा का यह पहला प्रयास था।
विशेष बात यह है कि पढ़ाई में अव्वल रहने के बावजूद कृष्णा ने दसवीं के बाद आर्ट्स ली और 12वीं में 98.3 प्रतिशत नंबर हासिल किए। लोगों ने कहा कि आर्ट्स वाले आईएएस कम बनते हैं। आईआईटी और मेडिकल कॉलेज में पढ़ने वाले आगे रहते हैं। कृष्णा ने लोगों को अपनी पढ़ाई से उत्तर दिया। टॉपर्स के गाइडेंस के संबंध में प्रश्न पूछने पर कृष्णा ने बताया कि उन्होंने खुद की स्ट्रेंथ देखी। वह सीसेट में कमतर थीं, इसलिए उस पर अधिक फोकस किया। कृष्णा का कहना है व्यक्ति को पहले खुद पर फोकस करना चाहिए।
न कोई बैकग्राउण्ड, न कोई गाइडेंस
कृष्णा को शुरू से आईएएस बनना था, लेकिन इसके लिए उरके पास न कोई बैकग्राउण्ड था और न ही कोई गाइडेंस। वह जोधपुर से 12वीं पास करने के बावजूद दिल्ली चली गई और श्रीराम कॉलेज से स्नातक की। वर्ष 2022 में आईएएस की तैयारी शुरू की। एक साल कोचिंग की। अभी भी वह दिल्ली में हैं और बुधवार को जोधपुर पहुंचेंगी।
पढ़ाई से बोर नहीं होती
कृष्णा का कहना है कि उसे बचपन से ही पढ़ाई पसंद है। वह पढ़ने से बोर नहीं होती। आईएएस प्री की तैयारी के दौरान एक दिन भी पढ़ाई की छुट्टी नहीं की।
वकील के घर में आईएएस
पाल रोड चीरघर निवासी कृष्णा के पिता अनिल जोशी राज्य सरकार के अतिरिक्त महाधिवक्ता हैं। माता मधु जोशी गृहिणी हैं। दादा एमएम जोशी जालोर में प्रसिद्ध अधिवक्ता रहे हैं। एक भाई विशाल जोशी भी है।