चुनाव आयोग के ताजा बूथ वार आंकड़ों से भवानीपुर में सुवेंदु अधिकारी की बड़ी जीत का पता चलता है। उन्होंने सीट के 267 बूथों में से 207 में बढ़त बनाई
भवानीपुर सीट से तृणमूल प्रमुख ममता बनर्जी को हार का सामना करना पड़ा है, हैरानी की बात यह है कि घरेलू वार्ड 73 में भी उन्हें हार का मुंह देखना पड़ा है। चुनाव आयोग की ओर से जारी बूथ वार नतीजों से यह खुलासा हुआ है। इसी से अंदाजा लग रहा है कि राज्य के लोगों ने इस बार पूरी तरह बदलाव का मूड बना लिया था। 77 सीटों से भाजपा की झोली में 207 सीटें आ जाना इस ओर साफ इशारा कर रहे हैं।
चुनाव आयोग की ओर से जारी बूथ वार नतीजों के ताजा आंकड़ों के मुताबिक मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने न सिर्फ भवानीपुर विधानसभा सीट पर पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को मात दी है, बल्कि उन्हें उनके अपने घरेलू वार्ड में भी करारी शिकस्त दी है। चुनाव आयोग के ताजा बूथ वार आंकड़ों से भवानीपुर में सुवेंदु अधिकारी की बड़ी जीत का पता चलता है। उन्होंने सीट के 267 बूथों में से 207 में बढ़त बनाई और वार्ड नंबर 73 में भी ममता बनर्जी को हरा दिया, यही वह वार्ड है जहां उनका कालीघाट वाला घर है। इस वार्ड में सुवेंदु को 8,932 वोट मिले, जबकि ममता को सिर्फ़ 4,284 वोट ही मिल पाए।
सुवेंदु अधिकारी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के उस चुनावी संकल्प को पूरा कर दिखाया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि ममता को उनके अपने ही गढ़ में जाकर हराना है। राज्य विधानसभा चुनावों से पहले शाह ने भाजपा कार्यकर्ताओं से कहा था कि सुवेंदु अधिकारी के लिए उनका संदेश एकदम साफ़ है। ममता को उनके घर में जाकर हराना है। शाह ने कहा था कि मैंने सुवेंदु अधिकारी से कहा था कि ममता को उनके घर में जाकर हराना है। सुवेंदु अधिकारी, जो ममता बनर्जी के कालीघाट वाले घर से लगभग 150 किलोमीटर दूर पूर्व मिदनापुर जिले के कांथी के रहने वाले हैं, उनका दक्षिण कोलकाता की इस सीट पर पहले से कोई राजनीतिक आधार या सांगठनिक पकड़ नहीं थी। इसके बावजूद, उन्होंने ममता के अपने ही वार्ड में उनसे दोगुने से भी ज्यादा वोट हासिल कर लिए।
सुवेंदु अधिकारी को 63 प्रतिशत वोट मिले, वहीं ममता बनर्जी को सिर्फ़ 30 प्रतिशत वोटों से ही संतोष करना पड़ा। इससे भी ज्यादा चौंकाने वाली बात यह थी कि भवानीपुर में कई ऐसे वार्ड भी थे जहां ममता 50 वोट भी हासिल नहीं कर पाईं। भवानीपुर के हर बूथ पर लगभग 400 से 700 वोटर थे। बूथ नंबर 14 पर ममता बनर्जी को सिर्फ 43 वोट मिले, बूथ नंबर 16 पर 42, बूथ नंबर 20 पर 41, बूथ नंबर 24 पर 45, बूथ नंबर 77 पर 40, बूथ नंबर 89 पर 41, और बूथ नंबर 105 पर सिर्फ़ 31 वोट मिले। उन्हें बूथ नंबर 149 पर 44 वोट, बूथ नंबर 158 पर 46, बूथ नंबर 176 पर 29, बूथ नंबर 242 पर 40, बूथ नंबर 249 पर 28, और बूथ नंबर 263 पर 30 वोट मिले।
सुवेंदु अधिकारी को कुल 73,917 वोट मिले, जबकि ममता बनर्जी को 58,812 वोट से ही संतोष करना पड़ा। इस तरह सुवेंदु अधिकारी ने नंदीग्राम के बाद इस बार भवानीपुर सीट पर ममता बनर्जी को मात देकर राज्य की राजनीति में खुद को एक कद्दावर नेता के रूप में स्थापित किया। साल 2021 के विधानसभा चुनाव में नंदीग्राम सीट पर सुवेंदु अधिकारी से हारने के बाद ममता बनर्जी ने भवानीपुर उपचुनाव जीता था और तब उन्होंने इस सीट के सभी सात वार्डों में बढ़त हासिल की थी, लेकिन इस बार भवानीपुर की जनता का मिजाज पूरी तरह बदला हुआ नजर आया।