एफएसडीए की टीम ने लखनऊ, गोरखपुर और बस्ती में कई दुकानों पर छापा मारा और कई वस्तुओं को जब्त करके जांच करने के लिए भेज दिया है।
उत्तर प्रदेश के खाद्य सुरक्षा और औषधि प्रशासन यानी एफएसडीए ने मंगलवार को हलाल- सर्टिफाइट उत्पादों पर कार्रवाई शुरू कर दी है। मंगलवार को एफएसडीए ने लखनऊ, गोरखपुर और बस्ती में कई दुकानों पर छापा मारा और कई वस्तुओं को जब्त करके जांच के लिए भेजा है।
एफएसडीए के सहायक आयुक्त एसपी सिंह के अनुसार जांच की रिपोर्ट के आधार पर दुकानों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की जाएगी ये कार्रवाई खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम 2006 के तहत होगी।
शनिवार को राज्य सरकार ने हलाल प्रोडक्ट के उत्पादन, भंडारण, वितरण और बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दिया था। हालांकि, निर्यात उत्पादों को प्रतिबंध के दायरे से बाहर रखा गया। यह कदम लखनऊ पुलिस द्वारा खुदरा उत्पादों को हलाल प्रमाणपत्र प्रदान करने के नाम पर कथित जबरन वसूली को लेकर चार संगठनों पर मामला दर्ज करने के एक दिन बाद आया है। सोमवार को राज्य सरकार ने मामले की जांच स्पेशल टास्क फोर्स को सौंप दी।
लखनऊ में आशियाना एमराल्ड मॉल में हुई छापेमारी
एफएसडीए के अधिकारियों ने कहा कि लखनऊ में अधिकारियों ने मंगलवार को आशियाना एमराल्ड मॉल में स्पेंसर रिटेल प्राइवेट लिमिटेड पर छापा मारा। जहां, उसने 500 ग्राम जैविक वस्तुओं के पांच पैकेट जब्त किए, जिनकी कीमत लगभग ₹800 थी और उन पर "अनधिकृत" हलाल प्रमाणपत्र था।
इसी तरह, अधिकारियों ने बीबीडी कॉलेज के पास स्पाइस मेट्रो कैश एंड कैरी होलसेल पर छापा मारा और चाट मसाला के 50 पैकेट और गरम मसाला के 42 पैकेट जब्त किए, जिनकी कीमत 3,900 और 4,400 थी। इसके अलावा शहीद पथ में लूलू मॉल के पास बेस्ट प्राइस और बर्लिंगटन स्क्वायर में विशाल मेगा मार्ट जैसे अन्य स्टोरों पर भी निरीक्षण किया गया।