21 मई 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

26 Inspector Transfer: रेलवे सुरक्षा को लेकर यूपी पुलिस का बड़ा एक्शन, 26 इंस्पेक्टरों का एकसाथ तबादला

26 Inspector Transfer GRP :उत्तर प्रदेश पुलिस मुख्यालय ने 26 इंस्पेक्टरों का तबादला कर उन्हें जीआरपी में तैनात किया है। रेलवे सुरक्षा मजबूत करने के लिए तीन वर्षों के लिए नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

3 min read
Google source verification

लखनऊ

image

Ritesh Singh

May 21, 2026

26 इंस्पेक्टर जीआरपी भेजे गए (फोटो सोर्स : भाषा WhatsApp News Group)

26 इंस्पेक्टर जीआरपी भेजे गए (फोटो सोर्स : भाषा WhatsApp News Group)

26 Inspector Transfer Railway Security:  उत्तर प्रदेश पुलिस मुख्यालय ने प्रदेश में कानून-व्यवस्था और रेलवे सुरक्षा को और मजबूत करने के उद्देश्य से बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। पुलिस महानिदेशक मुख्यालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार 26 निरीक्षक नागरिक पुलिस (इंस्पेक्टर) का स्थानांतरण कर उन्हें जीआरपी यानी रेलवे पुलिस में तैनात किया गया है।
यह आदेश पुलिस स्थापना बोर्ड की संस्तुति के बाद जारी किया गया। सभी निरीक्षकों को अनुकंपा के आधार पर जीआरपी मुख्यालय लखनऊ में कार्यभार ग्रहण करने की तारीख से तीन वर्ष के लिए स्थानांतरित किया गया है। इस बड़े तबादले के बाद पुलिस महकमे में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। माना जा रहा है कि रेलवे स्टेशनों, ट्रेनों और यात्रियों की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने के लिए यह कदम उठाया गया है।

डीजीपी मुख्यालय से जारी हुआ आदेश

यह आदेश पुलिस महानिदेशक मुख्यालय की ओर से 19 मई 2026 को जारी किया गया। आदेश में कहा गया है कि पुलिस स्थापना बोर्ड के अनुमोदन के बाद इन निरीक्षकों को उनके वर्तमान जनपदों से हटाकर जीआरपी मुख्यालय लखनऊ में तैनात किया जा रहा है। स्थानांतरण आदेश के अनुसार सभी अधिकारियों को जीआरपी में तीन वर्षों तक सेवाएं देनी होंगी।

रेलवे सुरक्षा को लेकर सरकार गंभीर

प्रदेश में लगातार बढ़ती रेल यात्रियों की संख्या और रेलवे स्टेशनों पर सुरक्षा चुनौतियों को देखते हुए सरकार और पुलिस मुख्यालय रेलवे सुरक्षा को लेकर गंभीर नजर आ रहा है। जीआरपी की जिम्मेदारी केवल रेलवे स्टेशनों तक सीमित नहीं होती, बल्कि ट्रेनों में अपराध रोकना, यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और संवेदनशील घटनाओं पर त्वरित कार्रवाई करना भी इसकी बड़ी जिम्मेदारी होती है। हाल के दिनों में ट्रेन में चोरी, लूट, महिला सुरक्षा और संदिग्ध गतिविधियों जैसी घटनाओं को देखते हुए अनुभवी इंस्पेक्टरों की तैनाती को महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

इन निरीक्षकों को मिली नई जिम्मेदारी

स्थानांतरित किए गए प्रमुख निरीक्षकों में-

  • गुलाब यादव
  • राजेश कुमार पांडेय
  • रवि कुमार राय
  • शैलेश सिंह
  • राजेंद्र प्रताप सिंह
  • संजीत कुमार सिंह
  • जयदीप कुमार दुबे
  • विश्वनाथ मिश्रा
  • लल्लू राम
  • नयन सिंह
  • हरिनाथ सिंह
  • वशिष्ठ यादव
  • हरेंद्र कुमार यादव
  • यदुवीर सिंह
  • जय प्रकाश यादव
  • विशाल सांगरी
  • जितेंद्र कुमार संध्या
  • विकास कुमार
  • वीरेंद्र
  • रविंद्र सिंह मलिक
  • जितेंद्र कुमार सिंह
  • पंकज कुमार सिंह
  • चंचल कुमार यादव
  • दिनेश सिंह परिहार
  • मनोज चौधरी
  • विवेक कुमार श्रीवास्तव शामिल हैं।

इन सभी निरीक्षकों को विभिन्न जिलों और इकाइयों से हटाकर जीआरपी में भेजा गया है।

तीन साल तक जीआरपी में रहेंगे तैनात

आदेश में स्पष्ट किया गया है कि सभी निरीक्षक कार्यभार ग्रहण करने की तारीख से तीन वर्षों तक जीआरपी में तैनात रहेंगे। इसके बाद वरिष्ठता क्रम के अनुसार उन्हें वापस उनके मूल या अन्य जनपदों में भेजने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।

रेलवे पुलिस को मिलेगी मजबूती

विशेषज्ञों का मानना है कि अनुभवी निरीक्षकों की तैनाती से जीआरपी की कार्यक्षमता में सुधार होगा। रेलवे स्टेशन और ट्रेनों में होने वाले अपराधों की जांच और नियंत्रण में तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है। विशेष रूप से त्योहारों, गर्मी की छुट्टियों और भीड़भाड़ के मौसम में रेलवे सुरक्षा बड़ी चुनौती बन जाती है। ऐसे समय में अतिरिक्त अनुभवी अधिकारियों की तैनाती महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

महिला सुरक्षा पर रहेगा फोकस

रेलवे पुलिस के सामने महिला यात्रियों की सुरक्षा भी बड़ी जिम्मेदारी होती है। पिछले कुछ वर्षों में ट्रेनों और स्टेशनों पर महिलाओं के साथ छेड़छाड़, चोरी और उत्पीड़न की शिकायतें सामने आई थीं। ऐसे में जीआरपी को मजबूत करने के लिए अनुभवी निरीक्षकों की तैनाती को महिला सुरक्षा के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है।

अपराध नियंत्रण पर जोर

रेलवे मार्गों पर सक्रिय अपराधियों, चोर गिरोहों और संदिग्ध गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए जीआरपी लगातार अभियान चलाती रहती है।नई तैनातियों से अपराध नियंत्रण,त्वरित जांच,यात्रियों की सुरक्षा,संवेदनशील मामलों का निस्तारण और अधिक प्रभावी होने की उम्मीद जताई जा रही है।

प्रशासनिक हलकों में चर्चा

26 निरीक्षकों के एक साथ तबादले के बाद पुलिस विभाग और प्रशासनिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। इसे प्रदेश में रेलवे सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की बड़ी रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। सूत्रों का कहना है कि आने वाले समय में रेलवे पुलिस में और भी प्रशासनिक बदलाव देखने को मिल सकते हैं।

GRP की भूमिका क्यों अहम

Government Railway Police यानी जीआरपी रेलवे यात्रियों की सुरक्षा के लिए बेहद महत्वपूर्ण इकाई मानी जाती है। इसकी प्रमुख जिम्मेदारियों में रेलवे स्टेशनों की सुरक्षा,ट्रेनों में गश्त,अपराध नियंत्रण,लावारिस सामान की जांच,महिला और बच्चों की सुरक्षा,दुर्घटनाओं और आपात स्थितियों में मदद शामिल होती हैं।