यूपी सरकार ने प्रदेश में आवारा पशुओं के आश्रय गृहों के वित्तपोषण के लिए भारत निर्मित विदेशी शराब (Indian Made Foreign Liquor) और बीयर पर एक विशेष शुल्क लगाये जाने के फैसले को मंजूरी दे दी है।
लखनऊ. यूपी सरकार ने प्रदेश में आवारा पशुओं के आश्रय गृहों के वित्तपोषण के लिए भारत निर्मित विदेशी शराब (Indian Made Foreign Liquor) और बीयर पर एक विशेष शुल्क लगाये जाने के फैसले को मंजूरी दे दी है। सीएम योगी की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई कैबिनेट बैठक में यह फैसला लिया गया है। इस अनुसार अब भारत निर्मित विदेश शराब की प्रति बोतल के लिए ग्राहक को 50 पैसे से लेकर दो रुपये तक अधिक अदा करना पड़ेगा। वहीं विशेष शुल्क के रूप में अब ग्राहक से दस रुपये प्रति बोतल वसूले जाएंगे।
देना होगा विशेष शुल्क दस रुपये प्रति बोतल-
यूपी सरकार के प्रवक्ता व ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने प्रेस वार्ता कर बताया कि सरकार भारत निर्मित विदेशी शराब और बीयर पर विशेष शुल्क लगाकर सालाना 165 करोड़ रुपये का अतिरिक्त राजस्व एकत्र करेगी। इसके लिए बीयर और भारत निर्मित विदेश शराब की प्रति बोतल पर 50 पैसे से दो रुपये का अतिरिक्त शुल्क लगाया जाएगा। वहीं राज्य में आवारा पशु आश्रयों के लिए ग्राहक को विशेष शुल्क दस रुपये प्रति बोतल देना होगा। यह विशेष शुल्क बड़े होटल व बियर बार में शराब खरीदने पर लगेगा।
पहले ही लिया था फैसला-
उन्होंने बताया कि सरकार पहले शराब पर दो प्रतिशत उपकर लगा रही थी, लेकिन अब इस नीति में बदलाव किया गया है। आपको बता दें कि सीएम योगी ने साल की शुरुआत में ही शराब में गौ कल्याण सेस लगाने का फैसला किया था वहीं आज इसको मंजूरी दे दी गई है।
समय में हो चुकी है तबदीली-
यूपी में शराब-बीयर की दुकानों के समय में पहले ही तबदीली की जा चुकी है। शराब व बीयर की दुकानें सुबह 10 बजे से रात 10 बजे तक ही खुलेंगी। पहले यह दुकानें सुबह 10 बजे से रात 11 बजे तक खुलती थी।