लगातार मीडिया में अपने भतीजे आकाश आनंद को राजनीति में लाए जाने की खबरों को खारिज करते हुए बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती ने भाजपा व कुछ मीडिया संस्थानों को करारा जवाब दिया है।
लखनऊ. लगातार मीडिया में अपने भतीजे आकाश आनंद को राजनीति में लाए जाने की खबरों को खारिज करते हुए बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती ने भाजपा व कुछ मीडिया संस्थानों को करारा जवाब दिया है। इस मामले में गुरुवार को बकायदा प्रेस कांफ्रेंस कर मायावती ने ऐसा सोचने व मीडिया के जरिए दर्शाने वालों पर सस्ती लोकप्रियता हासिल करने व राजनीति करने का आरोप लगाया है। इसी के साथ उन्होंने आकाश को बसपा मूवमेंट से जोड़ने का भी ऐलान किया है।
मेरे भाई ने बसपा मूवमेंट में हमारा साथ दिया, वह भी बिना किसी पद की मांग पर-
मायावती ने एक मीडिया संस्थान का नाम लेते हुए आरोप लगाया कि कुछ मीडिया पत्रकार मेरे भाई आनंद सिंह के बेटे आकश आनंद को राजनीति में बढ़ावा देने की खबर को षणयंत्र के तहत चला रहे हैं। आकाश को मेरे जन्मदिन पर मेरे साथ देखे जाने पर कुछ मीडिया द्वारा तुरंत की सस्ती राजनीति का शिकार बनाने का षणयंत्र रचा गया। यह अति निंदनीय है। यह देख मैं मजबूर हूं कि इस बारे में आगे सोच विचार करूं। मायावती ने कहा कि मेरे भाई ने हमेशा से बसपा मूवमेंट में हमारा साथ दिया है। वह भी बिना किसी पद की मांग पर।
आकाश को अब अवश्य जोडूंगी बसपा मूवमेंट से-
बसपा सुप्रीम ने कहा कि मेरे भतीजे को सस्ती राजनीति का शिकार बनाया गया है जो निंदनीय है। दलित विरोधी और जातिवादी विचारधारा रखने वाली पार्टियां सपा-बसपा गठबंधन से बौखला गई हैं। इसी कारण संकीर्ण और जातिवादि लोग मीडिया के माध्यम से सस्ती और घिनौनी राजनीति पर उतर आए हैं। इसका मुंह तोड़ जवाब देने भी हमें आता है। उन्होंने कहा कि बसपा के संस्थापक काशीराम भी मीडिया को कैसे जवाब देते थे यह मीडिया जानती है। मैं उन्ही की शिष्य हूं और जैसे को तैसा में विश्वास रखती हूं। इसलिए अब आकाश को अवश्य ही बसपा मूवमेंट से जोड़कर उन्हें सीखने का अवसर प्रदान करूंगा। वो सोच रहे होंगे कि मैं किनारे कर दूंगी, लेकिन मैं काशीराम की शिष्य हूं। अगर किसी को तकलीफ होती है तो हो। बसपा को इसकी परवाह नहीं है।
मेरी चप्पल और सेंडल के संबंध में चली थी मिथक खबरें-
मायावती ने कहा कि बसपा सरकार के समय में भी जातिवादि लोगों ने मीडिया के जरिए निम्न स्तर पर गिरकर मेरे चप्पल और सेंडल आदि के संबंध में मिथक खबरें चलाकर जनता को भ्रमित किया और घनौना राजनीतिक षणयंत्र रचा था। आकाश की चप्पलों के पीछे पड़े है। लोग इस हद तक गिर जाएंगे यह गंभीर सोचने वारा विषय है।