Shubhanshu Shukla Axiom-4 Mission: एक्सिओम-4 मिशन पर जा रहे अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला और तीन अन्य अंतरिक्ष यात्रियों को लेकर एक्सिओम-4 मिशन कैनेडी स्पेस सेंटर के कॉम्प्लेक्स 39ए से उड़ान भर ली है।शुभांशु शुक्ला के परिवार में खुशी का माहौल है।
Shubhanshu Shukla Axiom-4 Mission: परिजनों ने अपने बेटे की इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर की है। कहा, "हमें अपने बेटे पर नाज है, उसकी वजह से आज हमारा सीना गर्व से चौड़ा है। शुभांशु शुक्ला के पिता बताते हैं कि मैं अपने बच्चे को बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं। आज मेरा बच्चा मिशन पर जा रहा है। मेरी ईश्वर से प्रार्थना है कि वह जिस मिशन के साथ जा रहा है, उसका मिशन पूरा हो। मुझे पूरा भरोसा है कि मेरे बेटे का मिशन जरूर पूरा होगा"।
भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला अंतरिक्ष की ऐतिहासिक यात्रा पर निकल चुके हैं। वह इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) का दौरा करने वाले पहले भारतीय बनेंगे और 1984 में राकेश शर्मा के बाद अंतरिक्ष में पहुंचने वाले दूसरे भारतीय बन जाएंगे।
शुभांशु शुक्ला अमेरिका के कैनेडी स्पेस सेंटर से लॉन्च हुए एक्सिओम-4 मिशन का हिस्सा हैं। उनके साथ तीन अन्य अंतरिक्ष यात्री भी इस मिशन में शामिल हैं। यह यान नासा के लॉन्चपैड 39ए से रवाना हुआ है। करीब 28 घंटे की यात्रा के बाद अंतरिक्ष यान के गुरुवार शाम 4:30 बजे ISS से डॉक करने की उम्मीद है। यह मिशन भारत के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।
शुभांशु शुक्ला के पिता ने आगे बताया, "हाल ही में मेरी शुभांशु से बात हुई थी। वह अपने मिशन को लेकर पूरी तरह से कॉन्फिडेंट हैं। उन्हें पूरा भरोसा है कि उनका यह मिशन जरूर पूरा होगा। मुझे पूरा भरोसा है कि उनका मिशन जरूर पूरा होगा। उन्हें किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं होगी।"
वहीं, शुभांशु शुक्ला की मां बताती हैं, "मैं बहुत खुश हैं। मैं अपनी खुशी को शब्दों में बयां नहीं कर सकती हूं। इस पल का हम सभी को बेसब्री से इंतजार था। सभी लोग मेरे बच्चे को शुभकामनाएं दे रहे हैं"। बहन शुचि मिश्रा ने भी अपने भाई की इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर की। कहा, "मैं बहुत खुश हूं। हम भगवान से प्रार्थना कर रहे हैं कि वह जिस मिशन पर जा रहे हैं, भगवान उन्हें इसमें सफलता दें। हमें पूरा भरोसा है कि वह इस मिशन में जरूर कामयाब होंगे। उन्होंने यहां तक पहुंचने के लिए कड़ा परिश्रम किया है"।