पंचम अपर सत्र न्यायाधीश अनीता सिंह की न्यायालय का फैसला
नरसिंहपुर. पंचम अपर सत्र न्यायाधीश अनीता सिंह की न्यायालय द्वारा आरोपी अनिल उर्फ अन्नू रैकवार निवासी इतवारा बाजार थाना कोतवाली को पॉस्को के प्रकरण में भादस की धारा 363 में 3 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 2000 रूपये के जुर्माने, धारा 323 में 6 माह का सश्रम कारावास, धारा 506 भाग दो में 3 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 2000 के जुर्माने और धारा 6 सहपठित धारा 5(एम) लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 में 10 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 5000 के जुर्माने से दंडित किया गया।
अभियोजन द्वारा बताया गया की 29 मार्च 2009 को जन्मा पीडि़त बालक कक्षा चौथी में पढ़ता था। २४ फरवरी १८ को गांव में शादी में प्राथमिक शाला के सामने लगे टेन्ट में गया था। करीब 11 बजे रात में टेन्ट में काम करने वाले अनिल ने उससे से कहा मुझे गुटका चाहिए दुकान बता दो और पीडि़त को अपनी मोटरसाइकिल में पीछे बैठाकर पेट्रोल डलवाने के बहाने डोंगरगॉव चौराहा से आगे एक खेत में ले जा कर मोटरसाइकिल खड़ी की और उसे पकड़कर खेत में ले जा कर गलत काम किया। इसके बाद उसे धमकी दी कि किसी को मत बताना नही तो काट के नदिया में फेंक दूगा एवं मोटरसाइकिल से घर के पास छोडकर चला गया। घटना की रिपोर्ट पर थाना ठेमी में भादवि की धारा 363, 323, 377, 506 भाग दो एवं लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 की धारा 5(एम)6 का प्रकरण पंजीबद्ध किया गया एवं विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। शासन की ओर से प्रकरण की पैरवी विशेष लोक अभियोजक विनोद कुमार परोहा के द्वारा की गई।