नरसिंहपुर

एंबुलेंस सेवाओं के मामले में गड़बड़ी के बढ़े मामले तो जिला प्रबंधक को हटाया

एंबुलेंस सेवा की लगातार बढ़़ती शिकायतों और मिल रहीं गड़बड़ी को लेकर सेवा संचालक कंपनी ने जिला प्रबंधक विजय रघुवंशी को हटा दिया है। सीएमएचओ द्वारा एंबुलेंस सेवाओं से जुड़े मामलो के संबंध में पत्र भेजा था।

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अस्पताल परिसर में खड़ी एंबुलेंस।

The '108' ambulance service नरसिंहपुर. मरीजों की सुविधा के लिए शासन द्वारा शुरू की गई 108 एंबुलेंस सेवा जिले में लंबे समय से मनमानी की भेंट चढ़ चुकी है। जिससे न केवल मरीजों को परेशानी हो रही है बल्कि शासन की मंशा पर पानी फिरने के साथ ही स्वास्थ्य विभाग की छबि को भी बट्टा लग रहा हैं। एंबुलेंस सेवा की लगातार बढ़़ती शिकायतों और मिल रहीं गड़बड़ी को लेकर सेवा संचालक कंपनी ने जिला प्रबंधक विजय रघुवंशी को हटा दिया है। सीएमएचओ द्वारा एंबुलेंस सेवाओं से जुड़े मामलो के संबंध में पत्र भेजा था। बताया जाता है कि जल्द ही उन कर्मियों को भी कंपनी बाहर का रास्ता दिखा सकती है जिनकी वजह से एक पुत्र को अपनी मां को पीठ पर लादकर ले जाने की नौबत बनी थी। मानवीय संवेदनाओं को तार-तार करने वाले इस मामले को पत्रिका ने प्रमुखता से उठाया था।
जिले में एंबुलेंस सेवाओं में मनमानी की फेहरिस्त लंबी है। जब-तब इसकी बानगी सामने आती रहती है। एंबुलेंस सेवाओं से जुड़े पदाधिकारियों की मनमानी का एक मामला तब सामने आया जब बीती 13 मई को मुख्यमंत्री के मुंगवानी आगमन के दौरान सीएमएचओ के निर्देश के बाद भी एंबुलेंस तय समय से तीन घंटे देर से पहुंची। वहीं
16 मई को अस्पताल के आइसीयू वार्ड से रेफर सूरवारी निवासी वृद्धा छम्मोबी को जबलपुर ले जाने आई एंबुलेंस वार्ड से काफी दूर खड़ी रही, सिविल ड्रेस में मौजूद कर्मचारियों ने पहले मरीज को एंबुलेंस में पड़े स्ट्रेचर पर लेटने कहा, उसे मास्क भी लगा दिया, बाद में कर्मी कहने लगे कि ऑक्सीजन कम है, जिससे नाराज परिजन वृद्धा को पीठ पर लादकर अस्पताल के मुख्य गेट तक ले गए और बाद में एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया जहां इलाज दौरान वृद्धा की मौत हुई। मामले में वृद्धा के पुत्र हसन खान ने कलेक्टर के नाम शिकायत दी। मामले के तूल पकड़ते ही एंबुलेंस कर्मी और पूरा प्रबंधन अपनी खामियां छुपाने यह कहानी गढऩे लगा कि एंबुलेंस में ऑक्सीजन थी लेकिन परिजन ही मरीज को पीठ पर लादकर ले गए।
सेवाओं में मनमानी की लंबी सूची
बताया जाता है कि सीएमएचओ डॉ. मनीष मिश्रा द्वारा सेवा संचालक कंपनी जेएईएस प्रोजेक्ट्स (आई) प्राइवेट लिमिटेड को सेवाओं में मनमानी को विस्तार से पत्र में बताया था। जिसमें एंबुलेंस के समय पर उपलब्ध नहीं होने, विलंब से पहुंचने, आवश्यक दवाइयों एवं ऑक्सीजन की कमी, मरीजों को निजी अस्पतालों में छोडऩे, कर्मचारियों के अभद्र व्यवहार, वाहनों के नियमित ऑडिट नहीं होने, सीएम हेल्पलाइन में शिकायतों की बढ़ती संख्या तथा निर्धारित स्थानों से संचालन नहीं होने जैसे कई मामलों को उजागर किया था। जिसके बाद कंपनी ने मिशन संचालक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन को पत्र भेजते हुए जिला प्रबंधक को नोटिस देकर सेवाओं से हटाए जाने की जानकारी दी है। साथ ही बताया है कि जिला प्रबंधक के रूप में शुभम लिल्हारे को जिले में सेवाओं के सुचारु एवं प्रभावी संचालन की जिम्मेदारी सौंपी है।
वर्जन
जिले में 108 सेवा का संचालन करने वाली कंपनी ने जिला प्रबंधक विजय रघुवंशी को हटा दिया है। वृद्धा को पीठ पर लादकर ले जाने वाले घटनाक्रम में उस दौरान जो कर्मी सिविल ड्रेस में थे और प्रोटॉकोल की अनदेखी कर वार्ड से दूर एंबुलेंस खड़ी की गई उसमें भी दोनों कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करने कंपनी को लिख रहे हैं।
डॉ. मनीष मिश्रा, सीएमएचओ नरसिंहपुर

Published on:
27 May 2026 12:55 pm
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