mettur dam
मदुरै. मेट्टूर स्टेनली जलाशय में पानी का प्रवाह कम होने के बाद तमिलनाडु के डेल्टा क्षेत्र के किसान कावेरी जल विवाद न्यायाधिकरण (सीडब्ल्यूडीटी) और सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार हर महीने कर्नाटक से कावेरी का पानी पाने के लिए विरोध मार्च की योजना बना रहे हैं। नागपट्टिनम के किसान नेता उमेश राज ने कहा कि तमिलनाडु के डेल्टा जिलों के किसान कावेरी का पानी पाने के लिए जोरदार विरोध मार्च का सहारा लेंगे। गौरतलब है कि कर्नाटक ने कावेरी का पानी तभी छोड़ा जब मानसून के तेज होने के बाद काबिनी और कृष्ण राजा सागर (केआरएस) जलाशय अपनी पूरी क्षमता पर पहुंच गए। कर्नाटक में काबिनी और कृष्ण राजा सागर जलाशयों से पानी छोड़े जाने के साथ मेट्टूर बांध ने अपनी अधिकतम क्षमता 120 टीएमसीएफटी को छू लिया और जलाशय से पानी छोड़ा गया। हालांकि, गुरुवार तक मेट्टूर जलाशय में भंडारण केवल 88 टीएमसीएफटी है।