रायपुर

शाखा प्रबंधक समेत 8 कर्मचारी बर्खास्त, छत्तीसगढ़ अपेक्स बैंक बरमकेला में 18 करोड़ गबन, EOW जांच करेगी

EOW Investigation Apex Bank Scam: छत्तीसगढ़ के रायपुर स्थित अपेक्स बैंक की बरमकेला शाखा में करीब 18 करोड़ रुपये के गबन मामले ने बैंकिंग व्यवस्था में हड़कंप मचा दिया है। मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए शाखा प्रबंधक समेत 8 कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया है।
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Jun 25, 2026
Cooperative bank fraud Chhattisgarh
बर्खास्त (फोटो सोर्स- Shutterstock)

Apex Bank Scam: छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी बैंक (अपेक्स बैंक) की बरमकेला शाखा में करीब 18.13 करोड़ रुपए के गबन के मामले में बैंक प्रबंधन ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए शाखा प्रबंधक, लेखाधिकारी और लिपिक सहित कई कर्मचारियों को सेवा से बर्खास्त कर दिया है। जांच को आगे बढ़ाते हुए आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (ईओडब्लयू) से भी सैद्धांतिक सहमति ले ली गई है और जल्द ही विस्तृत जांच शुरू होने वाली है।

बैंक के प्राधिकृत अधिकारी केदार नाथ गुप्ता के मुताबिक तत्कालीन शाखा प्रबंधक डीआर वाधमारे, लेखाधिकारी मीनाक्षी मांझी और लिपिक आशीष कुमार पटेल को बर्खास्त कर दिया गया है। इसके अलावा पांच आउटसोर्सिंग कर्मचारियों लिकेश कुमार बैरागी, रमाकांत श्रीवास्तव, अरुण चंद्राकर, खीरदास महंत और बालकृष्ण कर्ष को नौकरी से हटा दिया गया है। बैंक ने स्पष्ट किया है कि गबन में शामिल अधिकारियों और कर्मचारियों से नियमानुसार पूरी राशि की वसूली की जाएगी।

2021 से 2024 में हुआ था घोटाला

जानकारी के अनुसार, अप्रैल 2021 से नवंबर 2024 के बीच शाखा कर्मचारियों ने समितियों और डीएमआर खातों में नियमों के विपरीत लेन-देन कर करोड़ों रुपए का अनाधिकृत हस्तांतरण किया। मामले के सामने आने के बाद बैंक ने उच्च स्तरीय जांच और विशेष ऑडिट कराया, जिसमें वित्तीय अनियमितताओं की पुष्टि हुई। इससे पहले भी इस प्रकरण में आठ कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जा चुकी है।

सख्ती का असर, बैंक का मुनाफा बढ़ा

केदार नाथ गुप्ता ने कहा कि बैंकिंग व्यवस्था को पारदर्शी बनाने और गबन-घोटालों पर रोक लगाने के लिए लगातार तकनीकी सुधार किए जा रहे हैं। किसानों के नाम पर फर्जी ऋण वितरण रोकने के लिए नया सॉफ्टवेयर लागू किया गया है तथा ई-केसीसी पोर्टल के माध्यम से बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण अनिवार्य किया गया है।

बैंक प्रबंधन का दावा है कि भ्रष्टाचार और अनियमितताओं पर सख्त कार्रवाई का सकारात्मक असर बैंक के प्रदर्शन पर भी दिखाई दिया है। वर्ष 2024-25 में 38.99 करोड़ रुपए का शुद्ध लाभ अर्जित करने वाले बैंक ने 2025-26 में 40.86 करोड़ रुपए का शुद्ध लाभ दर्ज किया है। बैंक का कहना है कि पारदर्शिता, डिजिटल निगरानी और जवाबदेही की नई व्यवस्था से सहकारी बैंकिंग प्रणाली में किसानों और खाताधारकों का भरोसा मजबूत हुआ है।

Published on:
25 Jun 2026 10:33 am