
बीना. शहर की छोटी बजरिया के रेलवे क्षेत्र में नाला निर्माण कार्य की धीमी गति से लोगों के लिए खतरा बन गई है। ठेकेदार द्वारा करीब एक माह पहले नाला निर्माण के लिए चार फीट चौड़ी और चार फीट गहरी खुदाई कर दी गई थी, लेकिन इसके बाद निर्माण कार्य ठप पड़ा है।
पूर्वी कॉलोनी में पानी निकासी के लिए बड़ा नाला बनाया जा रहा है, जो छोटी बजरिया क्षेत्र में अधूरा पड़ा है। मुख्य सडक़ के बाजू से यह नाला है और पास में ही स्कूल संचालित होता है और प्रतिदिन अन्य स्कूलों के बच्चे बड़ी संख्या में यहां से आते-जाते हैं। अभिभावकों और स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते कार्य पूर्ण नहीं किया गया और सुरक्षा के इंतजाम नहीं किए गए, तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है। बावजूद इसके न तो खुदाई के आसपास बैरिकेडिंग की गई है और न ही चेतावनी संबंधी कोई बोर्ड लगाया गया है। रात के समय यहां खतरा और बढ़ जाता है। शनिवार को एक मवेशी नाले में गिर गया, जिसे स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद सुरक्षित बाहर निकाला, इससे पहले भी कई मवेशी गिर चुके हैं। लोगों का कहना है कि हादसा होने के बाद ही अधिकारी जागते हैं। यदि पहले ही व्यवस्था बना दी जाए, तो हादसा होगा ही नहीं। पूर्व में भी अधिकारियों की लापरवाही से हादसे हो चुके हैं।
सुरक्षा इंतजाम नहीं, हर समय बना खतरा
खुदे हुए नाले के आसपास न तो सुरक्षा घेरा लगाया गया है और न ही कोई संकेतक लगाए गए हैं। बारिश होने पर पानी भरने की स्थिति में यह नाला नजर नहीं आएगा और इसमें लोग गिरकर घायल होंगे। नाले से बच्चों, राहगीरों और मवेशियों के लिए दुर्घटना का खतरा और अधिक बढ़ गया है। इसी नाले के बाजू से बड़ी संख्या में रेल यात्री भी खाना खाने छोटी बजरिया आते हैं। स्थानीय लोगों ने रेलवे अधिकारियों से तत्काल निर्माण कार्य पूरा कराने और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। साथ ही जब तक नाला निर्माण का कार्य पूर्ण नहीं होता है, तब तक बैरिकेडिंग और सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए जाएं, ताकि किसी अप्रिय घटना से बचा जा सके।