छूने से लगने वाला झटका शरीर में झनझनाहट पैदा करता है सर्दियों में ज्यादातर लगता है करंट इलेक्ट्रॉन्स की संख्या बढ़ने से नेगेटिव चार्ज बनता है
नई दिल्ली। कई बार जब हम किसी को छूते हैं, तो अचानक शरीर में करंट ( current ) लगता है। लेकिन ये हलका सा झटका शरीर में झनझनाहट पैदा कर देता है जो कुछ देर तक रहता है। ऐसा होने से कभी-कभी तो हम सोच में पड़ जाते हैं कि आखिर ऐसा क्यों और किस वजह से होता है।
कई बार लोग इस बारे में कयास लगाने लगते हैं। लेकिन सही कारण बहुत कम लोग जानते होंगे। तो चलिए आज हम आपको बताते हैं कि इस बिजली का झटका लगने का वैज्ञानिक ( scientific ) कारण।
इस मौसम में अधिक लगता है करंट
अगर आपने ध्यान दिया होगा तो इस तरह के ज्यादातर झटके सर्दियों में लगते हैं। ऐसा ऐसा इसलिए होता है क्योंकि ठंड़ के समय हवा ( AIR )में नमी होती है। जिससे थोड़ा सा झटका लगने पर सुई चुभने जैसा महसूस करते हैं। दरअसल ऐसी फीलिंग स्पार्क की वजह से होती है। स्पार्क ( spark ) क्यों पैदा होती है। इस बारे में जानना बेहद जरूरी है।
इलेक्ट्रॉन्स के प्रवाह से लगता है करंट
गौरतलब है कि इस ब्रह्मांड में सभी वस्तुएं एटम्स से बनी हुई हैं। इस एटम में भी निगेटिवली चार्ज्ड इलेक्ट्रॉन्स, पॉजिटिवली चार्ज्ड प्रोटोन्स और न्यूट्रल न्यूट्रॉन्स होते हैं। हमारे शरीर में इलेक्ट्रॉन्स और प्रोटोन्स हमेशा एक ही संख्या में होते हैं। इस वजह से एटम स्थिर रहते हैं। लेकिन जब ये डिस्बेलेंस्ड हो जाते हैं यानी कि इनकी संख्या समान नहीं होती तो इलेक्ट्रॉन्स काफी हलचल पैदा करते हैं। विज्ञान के नियम के अनुसार इलेक्ट्रोन्स की संख्या बढ़ने से ये नेगेटिव चार्ज बनाते है और पॉजिटिव इलेक्ट्रॉन्स की तरह बढ़ते है।
दूरी से बिना छुए भी लग सकता है बिजली का झटका
बता दें कि अगर हम किसी व्यक्ति या वस्तु को टच करते हैं, तो उसमें पॉजिटिव इलेक्ट्रॉन्स होते हैं। नेगेटिव इलेक्ट्रॉन्स हमारे शरीर से बाहर निकल जाते हैं। जिस वजह से हमें बिजली का करंट लगता है। कुछ शारीरिक गतिविधियों मेंऐसा झटका कुछ इंच की दूरी से भी लग सकता है।