उज्जैन

MP में भीषण सड़क हादसा, भाजपा नेता सहित 3 की मौत, मिनी ट्रक से भिड़ी कार

MP News: तेज रफ्तार कार और मिनी ट्रक में हाई-इम्पैक्ट टक्कर हुई। दोनों वाहनों में सीधे आमने-सामने टक्कर हुई, जिसे एक्सपर्ट फ्रंट ऑफसेट कोलिजन बता रहे है।
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Updated: 18 Mar 2026, 9:40 AM IST
Horrific Road Accident 3 Dead Including BJP Leader Car Collides with Mini-Truck MP News
3 Dead Including BJP Leader in Horrific Road Accident in Ujjain (Patrika.com)

MP News: उज्जैन के सोडंग रोड पर मंगलवार सुबह तेज रफ्तार कार और मिनी ट्रक की आमने-सामने भिड़ंत ने तीन जिंदगियां छीन ली। हादसे के बाद गोल्डन ऑवर में समय पर रेस्क्यू नहीं मिलने से हालात और बिगड़े। कार में फंसे लोगों को राहगीरों ने दरवाजे तोड़कर बाहर निकाला, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। मंगलवार सुबह करीब 10.30 बजे सोडंग रोड पर उन्हेल टोल नाका से करीब 5 किमी पहले तेज रफ्तार कार और मिनी ट्रक में हाई-इम्पैक्ट टक्कर हुई। दोनों वाहनों में सीधे आमने-सामने टक्कर हुई, जिसे एक्सपर्ट फ्रंट ऑफसेट कोलिजन बता रहे है। यानी कार के फ्रंट क्रम्पल-जोन से मिनी ट्रक टकराया। नतीजतन आगे की सीट पर बैठे देवेंद्र जोशी पिता चिंतामण और भाजपा नेता कैलाश शर्मा (रिंकू) दोनों निवासी अब्दालपुरा की मौके पर मौत हो गई।

सिंधी कॉलोनी क्षेत्र में रहने वाले प्रापर्टी ब्रोकर सुरेश नवलानी ने शाम को उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। कार की पिछली सीट पर बैठे प्रमेश शर्मा उर्फ पिया के पैर में फार दूर और सिर में चोट लगी है। एक्सीडेंट के बाद कार आगे से पिचक गई, जिसकी वजह से चारों सवार उसी में फंस कर रह गए। राहगीरों ने कार में फंसे लोगों को देखा और अन्य लोगों की मदद से उन्हें बाहर निकालने की कोशिश की। पुलिस मंकि पर पहुंचती इसके पहले लोगों ने दरवाजा तोड़कर सभी को बाहर निकाला। एम्बुलेंस की मदद से अस्पताल भेजा। नागदा स्थित ग्रेसिम के एक इंजीनियर नंदकु‌मार मिश्रा ने घायल देवेन्द्र जोशी को सीपीआर भी दी परंतु जान नहीं बच सकी।

भाजपा नेता के रिश्तेदार थे शर्मा

एएसपी आलोक शर्मा ने बताया कि देवेन्द्र जोशी, कैलाश शर्मा (रिंकू), प्रमेश शर्मा उर्फ पम्मी निवासी महेश नगर और सुरेश नवलानी मंगलवार सुबह कार से सांवलिया सेठ के दर्शन को निकले थे। उन्हेल टोल नाके से करीब 5 किमी पहले सामने आ रहे मिनी ट्रक से कार की भीषण भिड़ंत हो गई। हादसे के बाद कार का अगला हिस्सा घंड़ी हो गया और कार सवार उसमें फंस गए। कुछ लोगों ने उन्हें दरवाजे तोड़कर बाहर निकाला, हालांकि तब तक देवेन्द्र जोशी और कैलाश शर्मा की मौत हो चुकी थी। प्रमेश शर्मा व सुरेश नवलानी घायल हुए थे। भाजपा नेता जगदीश पांचाल ने बताया कि कैलाश शर्मा पूर्व में भाजपा के कोषाध्यक्ष रहे विशाल शर्मा के बहनोई थे।

भाजपा नेता कैलाश शर्मा (रिंकू)
देवेंद्र जोशी
प्रापर्टी ब्रोकर सुरेश नवलानी

रेस्क्यू और गोल्डन ऑवर गैप आई सामने

हादसे के बाद 20-25 वाहन मौके पर मौजूद थे, लेकिन शुरुआती मिनटों में संगठित मदद नहीं मिली। राहगीर नंद कुमार मिश्र (इंजीनियर ग्रेसिम) ने एक घायल को सीपीआर दिया, पर जीवन नहीं बच सका। दो शव एम्बुलेंस से और एक गंभीर घायल को निजी वाहन से अस्पताल पहुंचाया गया। राहगीरों ने बताया कि एम्बुलेंस के पहुंचने में देर लगी। इसकी वजह से इमरजेंसी रिस्पॉन्स में गैप हुई जबकि पांच किमी दूर टोल नाका था, जहां एम्बुलेंस का होना आवश्यक है। बाद में घायलों को निजी अस्पताल में भर्ती किया गया। जहां दो की मौत घोषित कर दी। जबकि दो को उपचार दिया जा रह है।

अब्दालपुरा और सिंधी कॉलोनी गमगीन

सुरश नवलाना सुबह जैसे ही लोगों को पता चला कि अब्दालपुरा में रहने वाले देवेन्द्र और कैलाश शर्मा की एक्सीडेंट में मौत हो गई, तो क्षेत्र का माहौल गमगीन हो गया। भाजपा नेता और समाजसेवी जगदीश पांचाल ने बताया कि दोनों अच्छे दोस्त थे और राष्ट्रचिंतक थे। वहीं शाम को सुरेश नवलानी की मौत हो गई। इससे सिंधी कॉलोनी क्षेत्र में भी माहौल गमगीन हो गया। पांचाल ने बताया कि शाम को देवेन्द्र जोशी का अंतिम संस्कार कर दिया गया जबकि कैलाश शर्मा और सुरेश नवलानी का अंतिम संस्कार बुधवार सुबह होगा

टॉपिक एक्सपर्ट

हादसा फ्रंट ऑफसेट कोलिजन नजर आता है। किसी भी वाहन दुर्घटना में आमने-सामने की टक्कर और वाहन के अगले हिस्से से टक्कर का नतीजा यह होता है कि केवल एक हिस्से पर दबाव पड़ता है। इससे यात्री केबिन पुरी तरह पिचक जाता है। सवार यात्रियों को काफी नुकसान पहुंचता है। अक्सर वाहन दुर्घटनाओं में फ्रंट-ऑफसेट कोलिजन की वजह से ही ज्यादा मौतें सामने आती हैं।- डॉ. अमिषा रावल

मिनी ट्रक जब्त किया

हादसे के बाद आयशर वाहन जब्त कर लिया गया है। उसका चालक फरार हो गया। केस में स्पीड, नेगलिजेंस और लेन वॉयलेशन के एंगल पर जांच की जा
रही है। - आलोक शर्मा, एएसपी

उज्जैन-जावरा स्टेट हाइवे 15 साल में 610 लोगों की जान गई

उज्जैन-जावरा स्टेट हाइवे पर 2076 हादसे हो चुके हैं। इसके निर्माण डिजाइन और तकनीकी बारीकियों को अफसरों ने नजरअंदाज किया तो राजनेता और सामाजिक लीडर्स ने आपत्ति नहीं ली. सिस्टम ने गलतियों पर पर्दा डाल दिया। रोज होते हादसे साबित कर रहे हैं कि स्टेट हाइवे के निर्माण में हुई भूल अब नासूर बन चुकी हैं। यहां 15 साल में 610 लोगों की जान जा चुकी हूं। 66 दिन में ही 9 लोगों की मौत हो चुकी है। (MP News)

Updated on:
18 Mar 2026, 9:40 AM IST
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