Epic Fury: अमेरिका और इज़राइल ने ईरान पर बड़े पैमाने पर हमले शुरू किए हैं, जिसे 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' नाम दिया गया है। तेहरान समेत कई शहरों में तबाही मची हुई है, सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत की खबरें हैं। ईरान ने जवाबी कार्रवाई में 'फतेह खैबर' अभियान शुरू किया है।
Epic Fury : अमेरिका और इजराइल के ईरान पर हमले और अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद मध्य पूर्व (Middle East) में तनाव चरम पर पहुंच गया है और दुनिया एक बार फिर महायुद्ध के मुहाने पर खड़ी नजर आ रही है। एक तरफ अमेरिका ने ईरान के खिलाफ एक बेहद आक्रामक सैन्य अभियान (Epic Fury ) छेड़ दिया है, तो दूसरी तरफ इजराइल ने तेहरान में बड़ा हमला किया है तो ईरान ने भी अपनी पूरी ताकत के साथ पलटवार (Iran War) किया है। ईरान ने बहरीन बहरीन के मनामा स्थित क्राउन प्लाजा होटल पर हमला किया है, इस हमले में कई लोग घायल होने की खबर है। लोगों को होटल क्राउन प्लाजा छोड़ने की सलाह दी गई है। इधर ईरान ने दुबई एयरबेस पर हमला किया है और दोहा भी दहल उठा है।अंतरराष्ट्रीय न्यूज़ एजेंसियों के अनुसार, दोनों देशों के बीच शुरू हुए इस सीधे टकराव को अमेरिका ने 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' (Operation Epic Fury) और ईरान ने 'ऑपरेशन फतेह खैबर' (Operation Fateh Khaibar) नाम दिया है।
ईरान की सैन्य क्षमताओं को नष्ट करने के उद्देश्य से अमेरिका और उसके सहयोगियों ने 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' की शुरुआत की है। इस भीषण बमबारी और मिसाइल हमलों का सबसे खौफनाक मंजर ईरान की राजधानी तेहरान में देखने को मिल रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, तेहरान के आसमान में धुएं के घने और काले बादल छाए हुए हैं। ऐसा लग रहा है कि मानो पूरा तेहरान शहर धूं-धूं कर जल रहा हो। बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है और आम जनता के बीच भारी दहशत का माहौल है। यह हमला ईरान पर अब तक के सबसे बड़े सैन्य प्रहारों में से एक माना जा रहा है।
अमेरिका और इजराइल के इस हमले के बाद ईरान ने भी हाथ पर हाथ धरे न बैठ कर तुरंत जवाबी कार्रवाई की है। ईरान की सेना ने 'ऑपरेशन फतेह खैबर' लॉन्च कर दिया है, जिसके तहत लगातार बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन्स से हमले किए जा रहे हैं। ईरान का मुख्य लक्ष्य इजराइल और खाड़ी क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकाने हैं। इस आक्रामक पलटवार ने साफ कर दिया है कि ईरान इस युद्ध में पीछे हटने वाला नहीं है।
ईरान ने युद्ध का दायरा बढ़ाते हुए सिर्फ इजराइल पर ही नहीं, बल्कि पड़ोसी देशों में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को भी निशाना बनाया है। इसी रणनीति के तहत ईरान ने कुवैत स्थित एक प्रमुख एयरबेस पर भीषण हमला किया है, जहां अमेरिकी सेना की मौजूदगी मानी जाती है। वहीं दूसरी ओर, इजराइल पर हुए ईरानी मिसाइल हमलों के विनाशकारी परिणाम सामने आने लगे हैं। ताज़ा खबरों के अनुसार, ईरान के इस सीधे हमले में कम से कम दो इजरायली नागरिकों की मौत हो गई है। पूरे इजराइल में हवाई हमले के सायरन गूंज रहे हैं।
अमेरिकी और इजराइली मीडिया लगातार इस युद्ध की ग्राउंड रिपोर्टिंग कर रहे हैं। इन अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के माध्यम से आ रही खबरें बता रही हैं कि यह महज़ एक छोटी सैन्य झड़प नहीं है, बल्कि एक व्यापक युद्ध का रूप ले चुकी है। ग्लोबल न्यूज़ पोर्टल्स पर हर मिनट अपडेट्स आ रहे हैं, जो इस बात की पुष्टि करते हैं कि दोनों ओर से किए जा रहे ये हमले वैश्विक कूटनीति और अर्थव्यवस्था के लिए एक बड़ा खतरा बन गए हैं। बहरहाल'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' और 'ऑपरेशन फतेह खैबर' के बीच फंसी दुनिया एक बड़े विनाश को करीब से देख रही है। शांति की तमाम अपीलों के बावजूद जमीनी हकीकत यही है कि दोनों पक्ष आर-पार की लड़ाई के लिए मैदान में डटे हुए हैं।