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प्रोटीन का छोटा-सा टुकड़ा दिमाग की चोट को कर सकता है ठीक, रिसर्च में हुआ खुलासा

हाल ही में आई एक रिसर्च के अनुसार प्रोटीन के एक टुकड़े के बारे में एक बड़ा खुलासा हुआ है। क्या कहती है रिसर्च? आइए जानते हैं।
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Dec 25, 2025
Human brain
मस्तिष्क (Representational Photo)

वैज्ञानिकों ने दिमाग की चोट के इलाज से जुड़ी एक बड़ी रिसर्च की है। वैज्ञानिकों की एक टीम ने एक बहुत छोटे पेप्टाइड (छोटा प्रोटीन का टुकड़ा) की पहचान की है, जो खून के ज़रिए शरीर में घूमकर सीधे दिमाग की घायल जगह तक पहुंच जाता है। यह रिसर्च खास इसलिए है क्योंकि अब तक दिमाग की गंभीर चोट के लिए कोई ऐसी दवा नहीं थी, जो बिना सर्जरी के सीधे नुकसान को कम कर सके। इस रिसर्च में जिस पदार्थ पर काम किया गया, उसका नाम सीएक्यूके है।

सिर्फ चार अमीनो एसिड से बना है पेप्टाइड

सीएक्यूके की खास बात यह है कि केवल चार अमीनो एसिड से बना एक छोटा पेप्टाइड है। वैज्ञानिकों ने इसे चूहों और सूअरों पर आजमाया, जिनके दिमाग में जानबूझकर चोट पहुंचाई गई थी।

जानवरों पर ट्रायल रहा सफल

चोट लगने के थोड़ी देर बाद सीएक्यूके को जानवरों के शरीर में नस के जरिए दिया गया। यह पेप्टाइड अपने आप दिमाग के उस हिस्से में जमा हो गया, जहाँ चोट लगी थी। ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि चोट के बाद दिमाग में एक खास प्रकार का प्रोटीन ज्यादा बनने लगता है और सीएक्यूके उसी प्रोटीन की ओर आकर्षित होता है। जहाँ यह पेप्टाइड जमा हुआ, वहां सूजन कम हुई, दिमाग की कोशिकाओं की मौत घटी और कुल मिलाकर दिमाग को होने वाला नुकसान कम हो गया।

अभी तक ऐसी कोई दवा नहीं

यह रिसर्च इसलिए अहम है क्योंकि अभी तक ऐसी कोई दवा नहीं है जो सीधे दिमाग की कोशिकाओं को मरने से रोक सके या सूजन को कम कर सके। कुछ प्रयोगात्मक इलाजों में सीधे दिमाग में इंजेक्शन देना पड़ता है, जो जोखिम भरा होता है। सीएक्यूके इस मायने में खास है कि यह बिना सर्जरी, सिर्फ नस के इंजेक्शन से असर दिखाता है।

Updated on:
25 Dec 2025 09:42 am
Published on:
25 Dec 2025 09:42 am
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