अस्पताल संचालक आशुतोष शर्मा के अनुसार, क्योंकि बिल उन्हीं के अस्पताल का था, जिसपर उनकी ओर से तत्काल जमा करने की बात कही गई, लेकिन जेई अरुण सैनी ने उनपर चोरी की बिजली से अस्पताल की लाइट जलाने का आरोप लगा दिया। आशुतोष के अनुसार, जेई को समजाने का प्रयास किया गया कि, जब मैं इसका बिल जमा कर रहा हूं तो चोरी की बिजली जलाने की बात कहां से आ गई। इसपर जेई द्वारा कुछ तस्वीरों का हवाला देते हुए कहा गया कि, अगर 50 हजार रुपए दे देते हो तो ठीक, वरना संबंधित तस्वीरों के जरिए तुम्हारे खिलाफ ढाई लाख रुपए बिजली चोरी का केस दर्ज करा दिया जाएगा।