
ब्लैक फंगस : अचानक आए दो मामले - एक की मौत
भोपाल. मध्यप्रदेश में कोरोना की तीसरी लहर का पीक खत्म होते ही ब्लैक फंगस के दो मामले सामने आए हैं, जिसमें एक की मौत हो चुकी है, वहीं एक का उपचार चल रहा है। एमपी में ब्लैक फंगस का एक मामला राजधानी भोपाल तो एक इंदौर शहर में आया है। भोपाल में मरीज की मौत हो गई है। वहीं इंदौर में मरीज का उपचार चल रहा है।
हमीदिया अस्पताल में बुधवार रात को एक व्यक्ति की ब्लैक फंगस के कारण मौत हो गई। मरीज का इलाज करने वाले ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. यशवीर ने बताया कि 45 वर्षीय मरीज को तीन दिन पहले लाया गया था, हालत बहुत नाजुक थी। पूरी नाक, आंख और मुंह में फंगस फैल चुका था।
डॉ. यशवीर ने यह भी बताया कि मरीज कोरोना पॉजिटिव नहीं था और न उसकी कोविड हिस्ट्री रही। सैकंड वेव के समय भी उसको म्यूकोरमाइकोसिस नहीं था। इसलिए यह कहना जल्दबाजी होगा कि थर्ड वेव में उसको ब्लैक फंगस हुआ। हमने उसकी मौत को संदिग्ध कैटेगरी में दर्ज किया है।
पहले भी आया था एक मरीज
दो सप्ताह पहले भोपाल के एक निजी ईएनटी अस्पताल में एक मरीज की सर्जरी की गई। जिसकी नाक में कीड़े पड़ गए थे, जांच करने पर उसमें म्यूकोरमाइकोसिस की पुष्टि हुई थी। इलाज करने वाले डॉ. एसपी दुबे ने बताया कि मरीज की सर्जरी की और उसे कुछ दिन एंफोटेरेसिन बी नामक इंजेक्शन भी दिया गया। फिलहाल मरीज स्टेबल है। मरीज कोरोना की सैकंड वेव में भी ब्लैक फंगस का शिकार हुआ था, उस समय काफी मेहनत के बाद वह ठीक हो पाया था
इंदौर में भी ब्लैक फंगस का केस
तीसरी लहर में ब्लैक फंगस का पहला मामला इंदौर में सामने आया है। खरगोन निवासी कोविड से ठीक हो चुकी महिला को सिरदर्द और आंखों में जलन की समस्या के बाद ब्लैक फंगस की पुष्टि स्वास्थ्य विभाग ने की है। मालूम हो, कोरोना की दूसरी लहर में संक्रमण से ठीक हो चुके कई लोग ब्लैक फंगस का शिकार हुए। इनमें से कई को अपनी आंख तक गंवानी पड़ी तो कुछ को अपनी जान ।
वहीं, तीसरी लहर का पीक गुजरने तक ब्लैक फंगस का एक भी मामला सामने नहीं आया था। लेकिन, खरगोन निवासी महिला में ब्लैक फंगस की पुष्टि होने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है।
कोरोना के तीसरी लहर में नए संक्रमितों के घटते आंकड़े सकून दे रहे हैं, अस्पतालों में गिनती के संक्रमित भर्ती हैं और पहली दो लहरों की तुलना में मौतें भी कम हुई हैं।
सीएमएचओ डॉ बीएस सैत्या ने बताया कि खरगोन निवासी एक महिला में ब्लैक फंगस की पुष्टि हुई है। कोरोना की तीसरी लहर में यह ब्लैक फंगस का पहला मामला है। अस्पताल में उसकी सर्जरी सफलतापूर्वक हो चुकी है। दो-तीन दिन में महिला को डिस्चार्ज कर दिया जाएगा।
Published on:
11 Feb 2022 10:23 am
बड़ी खबरें
View Allभोपाल
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
