कोरोना से बचाएगा कप के आकार का मास्क

भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के एक स्वायत्तशासी संस्थान, सेंटर फॉर नैनो एंड सॉफ्ट मैटर साइंसेज (सीईएनएस) के शोधकर्ताओं की एक टीम ने कप के आकार वाले मास्क की एक डिजाइन विकसित की है।

By: विकास गुप्ता

Published: 23 May 2020, 09:55 PM IST

नई दिल्ली | भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के एक स्वायत्तशासी संस्थान, सेंटर फॉर नैनो एंड सॉफ्ट मैटर साइंसेज (सीईएनएस) के शोधकर्ताओं की एक टीम ने कप के आकार वाले मास्क की एक डिजाइन विकसित की है। यह मास्क बोलते समय मुंह के सामने के हिस्से में पर्याप्त स्थान का सृजन करने में सहायता करता है। डीएसटी के सचिव प्रोफेसर आशुतोष शर्मा ने कहा, हालांकि कोविड-19 प्रोटेक्शन मास्क के लिए एक श्रम दक्ष डिजाइन लंबे समय तक इसके सुगम उपयोग के लिए अनिवार्य है, पर अक्सर कुछ मानक डिजाइनों से आगे इस पर अधिक ध्यान नहीं दिया जाता। एक अच्छी डिजाइन को किनारों के आसपास अंतर्वेधन तथा रिसाव की अनुभूति को न्यूनतम करना चाहिए, लेकिन अपने स्थान को बरकरार रखते हुए इसे सांस लेने और बातचीत करने की सुगमता को अधिकतम बनाना चाहिए।

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के मुताबिक, बड़े स्तर पर इसके उत्पादन के लिए इसे बेंगलुरू स्थित एक कंपनी को अंतरित कर दिया गया है। इस स्नग फिट मास्क से बोलने में कोई असुविधा नहीं होती है, चश्मे पर कोई फॉगिंग नहीं होती, इसे चारों तरफ से अच्छी तरह से पैक किया जाता है, जिससे सांस लेते समय व्यावहारिक रूप से रिसाव की कोई गुंजाइश नहीं रह जाती।

इसकी उच्च श्वसन क्षमता इसका एक और महत्वपूर्ण लाभ है, जो इसे बिना किसी असुविधा के पहनने में सक्षम बनाता है। इसके अतिरिक्त, शोधकर्ताओं ने इस प्रकार के फैब्रिक लेयर्स को चुना है, जिससे केवल इलेक्ट्रिक चार्ज द्वारा ही, जो फैब्रिक की ट्रिबोइलेक्ट्रिक प्रकृति के कारण हल्के घर्षण के तहत व्याप्त हो सकते हैं, रोगजनकों के निष्क्रिय हो जाने की संभावना पैदा हो जाती है। इससे संबंधित अग्रिम स्तर के परीक्षण किए जा रहे हैं।

भारत एवं अन्य देशों में सक्रिय कोविड-19 के मामलों में बढ़ोतरी के साथ आम लोगों के लिए फेस मास्क के उपयोग की सलाह दी गई है। जहां स्वास्थ्य पेशेवर विशेष और उच्च तकनीकी गुणवत्ता के मेडिकल मास्क का उपयोग कर सकते हैं, आम जनता के लिए मध्यम फिल्टरिंग दक्षता वाले मास्क पर्याप्त होंगे। इसे पहनने में आरामदायक होना चाहिए, जिससे कि लोग लंबे समय तक इसे पहनने के लिए प्रोत्साहित हो।

सीईएनएस ने इस प्रौद्योगिकी को, दो दशक पूर्व स्थापित बेंगलुरू स्थित एक गारमेंट कंपनी, कामेलिया क्लोदिंग लिमिटेड को अंतरित कर दिया है। कंपनी की योजना प्रति दिन लगभग एक लाख मास्क का उत्पादन करने और भारत भर में विभिन्न वितरण चैनलों के माध्यम से इसे बेचने की है।

Show More
विकास गुप्ता Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned