scriptsaints of ahilya math going with laying their body to ayodhya | मिथिला से दंडवत प्रणाम करते हुए अयोध्या धाम जा रही हैं अहिल्या मठ की मुख्य पुजारी | Patrika News

मिथिला से दंडवत प्रणाम करते हुए अयोध्या धाम जा रही हैं अहिल्या मठ की मुख्य पुजारी

locationगोरखपुरPublished: Feb 02, 2024 11:03:08 am

Submitted by:

anoop shukla

कार्यकर्ताओं ने उनका माल्यार्पण कर स्वागत किया, फिर उनके प्रत्येक दंडवत प्रणाम में नौसड़ तक पुष्प वर्षा कर उनका उत्साहवर्धन किया।यात्रा में सम्मिलित संतद्वय ने बताया कि उन्होंने पिछले वर्ष 24 तारीख अक्टूबर माह 2023 में दशहरा के समय यह यात्रा प्रसिद्ध धार्मिक स्थल अहिल्या स्थान से प्रारंभ की थी।

मिथिला से दंडवत प्रणाम करते हुए अयोध्या धाम जा रही हैं अहिल्या मठ की मुख्य पुजारी
मिथिला से दंडवत प्रणाम करते हुए अयोध्या धाम जा रही हैं अहिल्या मठ की मुख्य पुजारी
बिहार के मिथिला अहिल्या स्थान की मुख्य पुजारी अवनिका किशोरी और उनके पति रामेश्वर मिश्रा का गोरखपुर में भव्य स्वागत हुआ। अवनिका और रामेश्वर अयोध्या में 22 जनवरी को भगवान श्रीराम की प्राण प्रतिष्ठा के संकल्प के पूरा होने पर वे अयोध्याधाम के लिए सड़क पर लेटकर संकल्प पूरा करने निकले हैं। अभी उन्हें अयोध्याधाम पहुंचने में डेढ़ से दो माह का समय लगेगा। इन लोगों ने काशी और मथुरा के लिए भी संकल्प यात्रा की बात कही है।
विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं ने किया भव्य स्वागत

शहर में पहुंचते ही विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं ने किया भव्य स्वागत।शहर के मोहद्दीपुर पहुंचते ही संकल्प यात्रा रथ का भव्य स्वागत हुआ। रथ के आगे मिथिला के प्राचीन धार्मिक स्थल अहिल्या स्थान अहियारी कमतौल दरभंगा बिहार के मंदिर की मुख्य पुजारी अवनीका किशोरी और रामेश्वर मिश्रा भगवान श्रीराम की प्राण प्रतिष्ठा के उपरांत उनके दर्शन हेतु दंडवत प्रणाम करते हुए अहिल्या स्थान दरभंगा से जानकी मंदिर सीता जन्म भूमि के नाम से प्रसिद्ध पुनौरा धाम होते हुए अयोध्या जी के लिए प्रस्थान कर रहे हैं।मोहद्दीपुर में विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं द्वारा जोरदार स्वागत किया गया।
शहर के अंतिम छोर तक फूलों की वर्षा कर किए विदाई

कार्यकर्ताओं ने उनका माल्यार्पण कर स्वागत किया, फिर उनके प्रत्येक दंडवत प्रणाम में नौसड़ तक पुष्प वर्षा कर उनका उत्साहवर्धन किया।यात्रा में सम्मिलित संतद्वय ने बताया कि उन्होंने पिछले वर्ष 24 तारीख अक्टूबर माह 2023 में दशहरा के समय यह यात्रा प्रसिद्ध धार्मिक स्थल अहिल्या स्थान से प्रारंभ की थी।
गोरखपुर पहुंचने तक इन्होंने अभी दंडवत प्रणाम करते हुए इस मामले यात्रा के लगभग 450 किलोमीटर की यात्रा तय की है। जिसमें इन्होंने बिहार एवं उत्तर प्रदेश के 10 से अधिक जिलों को संपर्क किया।
यात्रा का संयोजन दुर्गेश त्रिपाठी, विश्वजीत शाही ने किया

उन्होंने आगे बताया कि यह यात्रा करने के पीछे उनका उद्देश्य भगवान के प्रति अपनी अटूट श्रद्धा को दिखाना एवं भारत जो हिंदू राष्ट्र बनने की तरफ अग्रसर है। उसके लिए समाज में लोगों का जन जागरण करना है। यात्रा का संयोजन विश्व हिंदू परिषद गोरक्ष प्रांत ग्रामीण जिले के उपाध्यक्ष विश्वजीत शाही ने किया। उन्होंने आगे बताया कि अब भी लगभग यात्रा 400 से अधिक 130 किलोमीटर की यात्रा और बाकी रह गई है।
स्वागत में ये रहे शामिल

क्योंकि एक दिन में कम से कम तीन किलोमीटर चलकर 400 किलोमीटर यात्रा चल पाती है।अतः अब इस यात्रा के अयोध्या पहुंचने में दो महीने का समय लगेगा।यात्रा के साथ 5 संत चल रहे हैं। स्वागत करने वालों में मुख्य रूप से विश्व हिंदू परिषद के प्रांत प्रचार-प्रसार प्रमुख दुर्गेश त्रिपाठी,प्रांत प्रसार प्रमुख मनोज गौड़ ,प्रांत विशेष संपर्क प्रमुख डॉ. डीके सिंह, महानगर दक्षिणी भाग अध्यक्ष सूर्यनाथ सिंह, उपाध्यक्ष ग्रामीण जिले के उपाध्यक्ष विश्वजीत शाही, बाबूलाल सतीश सिंह, सतीश सिंह समेत सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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