script3.76 crores were embezzled by fraud in loan distribution | ऋण वितरण में फर्जीवाड़ा कर 3.76 करोड़ हड़पे, बैंक ने कराई एफआईआर | Patrika News

ऋण वितरण में फर्जीवाड़ा कर 3.76 करोड़ हड़पे, बैंक ने कराई एफआईआर

locationजयपुरPublished: Feb 02, 2024 09:11:53 pm

Submitted by:

Om Prakash Sharma

चार साल से विभाग ने दबा रखा था मामला

ऋण वितरण में फर्जीवाड़ा कर 3.76 करोड़ हड़पे, बैंक ने कराई एफआईआर
ऋण वितरण में फर्जीवाड़ा कर 3.76 करोड़ हड़पे, बैंक ने कराई एफआईआर
जयपुर. भाजपा की गत सरकार व कांग्रेस सरकार के समय अल्प कालीन फसली ऋण माफी योजना में करोड़ों के घपले में वर्षों बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। ऐसे ही एक मामले में विभागीय जांच में 3.76 करोड़ गबन की पुष्टि होने के बाद भी कर्मचारी व अधिकारियों को बचाया जा रहा था। सरकार बदलने के बाद अब इस मामले में जालोर सीसीबी (केन्द्रीय सहकारी बैंक) की भीनमाल शाखा की ओर से गबन की एफआईआर दर्ज कराई गई है।
यह एफआईार पूनासा ग्राम सेवा सहकारी समिति के व्यवस्थापक के खिलाफ दर्ज कराई गई है। पुलिस निरीक्षक रामेश्वर भाटी ने बताया कि सीसीबी की भीनमाल शाखा के प्रबंधक नंदकिशोर सोनी ने रिपोर्ट में बताया कि पूनासा ग्राम सेवा सहकारी समिति के व्यवस्थापक रामलाल सैन ने गत भाजपा सरकार के समय स्वीकृत साख सीमा से 80 लाख रुपए से अधिक के ऋण वितरित किए। इसी तरह किसानों की पात्रता से 34 लाख रुपए के अधिक ऋण दे दिए। कांग्रेस राज में दो करोड़ 89 लाख रुपए के ऋण गलत तरीके से दिए। ये सभी ऋण वर्ष 2018 व 2019 की ऋण माफी में माफ कर दिए गए। ऐसे में सरकार को इससे 3.76 करोड़ की हानि हुई।
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
वर्ष 2019 से दबाए रखा था मामला

मामले की प्राथमिक जांच वर्ष 2019 में की गई थी। इसके बाद धारा 55 के तहत जांच शुरू की गई। यह जांच पूरी होने के बाद भी जांच रिपोर्ट जारी नहीं की गई। चार साल बाद जांच रिपोर्ट कांग्रेस सरकार के अन्तिम समय 21 सितम्बर 2023 को उप रजिस्ट्रार सहकारी समिति जालोर की ओर से जारी की गई। अभी तक जिम्मेदारों से नुकसान की रिकवरी नहीं की गई है। अब सरकार बदलने पर एफआईआर दर्ज कराई गई है।

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