भविष्य में देश की अर्थव्यवस्था के विकास में कौशल शिक्षा की बहुत महत्वपूर्ण भूमिका होगी और इसी के माध्यम से हमारी विश्व की सबसे अधिक युवा शक्ति को हम रोजगार से जोड़ने में सफल होंगें। सभी स्किल्स को उचित महत्व दिया जाएगा और विद्यार्थियों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुसार अपनी पसंद के विषय को चुनने की स्वतंत्रता होगी। भारतीय स्किल डवलपमेंट यूनिवर्सिटी (Bhartiya Skill Development University) के पहले दीक्षांत समारोह में बैचलर ऑफ वोकेशन (बीवोक) के 221, मास्टर ऑफ वोकेशन (एमवोक) के 10 और 5 स्टूडेंट्स को पीएचडी की डिग्रिया दी गई। इस प्रकार कुल 236 छात्र और छात्राओं को उनके अलग—अलग कौशल क्षेत्रों में डिग्रियां प्रदान की गई। दीक्षांत समारोह में आरयूजेसीटी के मुख्य पदाधिकारी जयंत जोशी और अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) के चेयरमैन प्रोफेसर अनिल डी सहस्त्रबुद्धे थे।