script तंबाखू का नशा, ले जा रहा मौत के मुहाने पर, सालभर में जिले में पांच गुना बढ़े कैंसर के मरीज | Tobacco addiction is leading to death, cancer patients have increased | Patrika News

तंबाखू का नशा, ले जा रहा मौत के मुहाने पर, सालभर में जिले में पांच गुना बढ़े कैंसर के मरीज

locationजांजगीर चंपाPublished: Feb 03, 2024 08:50:55 pm

Submitted by:

Ashish Tiwari

देश सहित जिले में कैंसर मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। इसके आंकड़ों पर गौर करें तो बहुत डरावना वाला है। जिले में ही साल भर में पांच गुना कैंसर के मरीज बढ़े हैं। इसमें सबसे ज्यादा मुख कैंसर के मरीज सामने आ रहे है। जिले में कुल ११९ कैंसर के मरीज जिला अस्पताल में पंजीकृत है। इसमें ३० प्रतिशत मुख कैंसर के मरीज सामने आए है। माने सस्ता नशा के फेर में लोग कैंसर की ओर बढ़ रहे है। जबकि पिछले साल मात्र २० मरीज ही सामने आए थे।

तंबाखू का नशा, ले जा रहा मौत के मुहाने पर, सालभर में जिले में पांच गुना बढ़े कैंसर के मरीज
marijo ka ialaj karte doctore pushpedra patel
नशा आजकल युवाओं के सिर चढ़कर बोलने लगा है। सबसे बड़ी बात यह है कि यह आसानी से उपलब्ध हो जा रहा है। खासकर सिगरेट, गुटखा व तंबाकू के सेवन करने में युवा सबसे आगे हैं। युवा वर्ग इसकी गिरफ्त में आकर अपने भविष्य से खिलवाड़ कर रहे हैं। जगह-जगह पान दुकान, किराना स्टोर्स व जनरल स्टोर्स में बिक रहे तंबाकू पाउच, सिगरेट व गुड़ाखू का नशा अब लोगों की लत बन गई है। लोग सुबह उठते ही इनका सेवन करना शुरु कर देते हैं। युवाओं में जर्दा गुटखा और सिगरेट का चलन बढा है। तंबाकू का सेवन करने वाले दो में से एक व्यक्ति की मौत कैंसर की वजह से होती है। रिपोर्ट में कहा गया है कि रोजाना एक पैकेट सिगरेट पीने या फिर दो पाउच तंबाकू खाने वाले 90 फीसदी लोगों को 20 वर्ष के भीतर कैंसर होने की पूरी संभावना रहती है। तंबाकू में कैंसर के 43 कारक होते हैैं। सिगरेट के धुएं और गुटखे के लगातार सेवन से ये शरीर में दाखिल होते हैं। गुटखा लगातार खाने से मुंह में गहरे निशान होने लगते हैं। धीरे-धीरे वह जख्म की शक्ल लेने लगता है। जिले में कैंसर के आंकड़ों पर गौर करें तो बहुत डरावने वाले है। पिछले साल जिले में मात्र २० मरीज सामने आए थे। २०२३ में ११९ कैंसर के मरीज सामने आए है। इसमें सबसे ज्यादा मुख कैंसर के मरीज है। इसके अलावा स्तन कैंसर, सर्वाइकल सहित अन्य कैंसर के मरीज है। जिला अस्पताल के कैंसर के डॉक्टर का कहना है कि कैंसर का स्क्रीनिंग किया जाता है, जिसमें मुख कैंसर के ज्यादा मरीज मिल रहे है। इसकी संख्या सालभर ५० से ६० है, जो जिला अस्पताल पहुंचकर इलाज कराते है। बहुत से लोग बाहर अन्य जगह इलाज करा रहे है। इसमें अधिकांश युवा ही सामने आ रहे है।

देश में १४ लाख में ९ लाख कैंसर मरीजों की हुई मौत


ग्लोबल कैंसर विभाग ने वर्तमान में देश में कैंसर का आंकड़ा प्रस्तुत किया है, वह चौकाने वाला है। इसके अनुसार से २०२३ में १४ लाख १३ हजार ३१६ कैंसर मरीजों की पुष्टि हुई है। इसमें ९ लाख १६ हजार ८२७ कैंसर मरीजों की मौत भी हो गई है। इसलिए कैंसर मरीजों को पहला स्टेज में ही डॉक्टरों से संपर्क करना चाहिए। इससे मरीज स्वस्थ भी हो सकता है। देर होने पर कैंसर मरीजों की मौत भी हो सकती है।

प्रारंभिक चरण में हो सकता है बचाव


जिला अस्पताल कैंसर के डॉक्टर पुष्पेन्द्र पटेल ने बताया कि तंबाकू के अलावा अधिक मीर्च मसाला खाने या नुकीले दांत से मुंह की चमड़ी में घाव होने के कारण भी माउथ कैंसर हो सकता है। प्रारंभिक चरण में मुंह में दर्दरहित गांठ या छाले हो जाते हैं। इसके बाद मुंह खोलने और खाने-पीने में तकलीफ होती है। इसे सब म्यूकस साइब्रेसीस कहा जाता है। प्री कैंसर स्टेज ही बीमारी से बचाव का सही समय है। बाद में मेजर सर्जरी कर लेजर या विडियो थैरेपी से इलाज किया जा सकता है।

जिला अस्पताल में सर्जरी सुविधा भी शुरू


डॉ. पुष्पेन्द्र पटेल ने बताया कि कैंसर के मरीजों के जिला अस्पताल से कीमोथेरेपी एवं सर्जरी की सुविधा अभी मिल रही है। रेडिएशन के सुविधा के रायपुर जाना पड़ता है। हमारे जिले में मेडिकल कॉलेज बनना प्रस्तावित है। इसलिए भविष्य में रेडिएशन की सुविधा भी मिलने की भी संभावना है। इसके बाद कैंसर का सारा इलाज हमारे जांजगीर-चांपा जि़ले में होने लगेगा।

कैंसर के प्रमुख कारक, फैक्ड फूड आइटम से बचे


डॉक्टर के मुताबिक तम्बाखू, गुटका, बीड़ी, सिगरेट का लंबे समय तक सेवन करना हानिकारक है। प्राकृतिक फलों एवं सब्ज़ी का कम सेवन करना एवं पैक्ड फूड आइटम का लंबे समय सेवन करने से कैंसर पैदा कर स्कता है। हवा, पानी एवं जल का केमिकल से प्रदूषित होना भी कैंसर का प्रमुख कारण है। साथ ही मोटापा, कम व्यायाम, खराब दिनचर्या और संक्रमण भी कैंसर पैदा कर स्कता है।
वर्जन
जिले में कैंसर मरीजों की संख्या में इजाफा हो रहा है। वर्तमान में माऊथ कैंसर के मरीजों की संख्या में ज्यादा बढ़ोतरी हो रही है। इसका प्रमुख कारण है कि लोग गुटखा का ज्यादा सेवन कर रहे है। इसमें अधिकांश युवा वर्ग चपेट में आ रहा है। यह धीमी जहर का काम करता है।
डॉ. पुष्पेन्द्र पटेल, रेडियोथैरिपिस्ट, जिला अस्पताल

ट्रेंडिंग वीडियो