लोहिया संस्थान की एक हजार करोड़ की योजनाएं

200 बेड का बाल महिला चिकित्सालय शहीद पथ के पासराम मनोहर लोहिया संस्थान के 200 बेड के बाल महिला चिकित्सालय का शुभारम्भ हुआ। इस अस्पताल में 20 बेड का प्राइवेट वार्ड है। वही लोहिया संस्थान में 22 बेड का प्राइवेट और 8 बेड का सेमिप्राइवेट वार्ड है। जबकि आरएमएल अस्पताल में 34 बेड का प्राइवेट वार्ड है। इतने बेड होने पर भी यहां लंबी वेटिंग रहती है। इसी कारण महिला अस्पताल में भी 20 बेड का प्राइवेट वार्ड बनाया गया है। जिससे वेटिंग ख़त्म की जा सकेगी।
महिलाओं के लिए एक और सौगात

गोमतीनगर विस्तार में राम मनोहर लोहिया संस्थान के 500 बेड के मातृ एवं शिशु रेफरल चिकित्सालय का उदघाटन भी हुआ है। इसकी लागत 61 करोड़ 2 लाख 29 हजार रुपये है। ये अस्पताल पूरी तरह से बनकर तैयार है। इस अस्पताल के शुरू होने के बाद राजधानी के एक मात्र महिला रेफरल अस्पताल क्वीन मेरी पर दबाव कम होगा। इसमें प्लास्टिक सर्जरी, हड्डी, जेनेटिक्स, इम्यूनोलॉजी समेत 10 विभाग खुलेंगे।
न्यूरो सर्जरी यूनिट का होगा प्रारम्भ
लोहिया संस्थान में 20 बेड के न्यूरो सर्जरी यूनिट की शुरुआत हो गयी है। जो आईसीयू की कमी को कम करेगा। इसके अलावा नर्सिंग की पढ़ाई कर रहे स्टूडेंट्स के लिए नर्सिंग कॉलेज की नींव रखी गयी। इसी के साथ लोहिया संस्थान में 18 बेड के किडनी ट्रांसप्लांट यूनिट का औपचारिक शुभारम्भ भी हो गया। लोहिया संस्थान में किडनी ट्रांसप्लांट शुरू होने के बाद किडनी के रोगियों की कुछ हद तक वेटिंग ख़त्म हो पायेगी। गौरतलब है कि 14 दिसम्बर को लोहिया संस्थान में पहला किडनी ट्रांसप्लांट किया जा चुका है।
एसजीपीजीआई को 473 करोड़ की सौगात

संजय गांधी स्नातकोत्तर आयुर्विज्ञान संस्थान को सीएम ने 473 करोड़ की सौगात दी। जिसमें पांच मंजिला न्यू ओपीडी बिल्डिंग और लेक्चर थियेटर शामिल है। इससे हर वर्ष करीब 4 लाख लोगों को लाभ मिलेगा।