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यहां ट्रेन के डिब्बों में पढ़ाई करते हैं छात्र, वैज्ञानिक और इंजीनियरों की लगती हैं Classes

Government School Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश का एक ऐसा स्कूल है, जो ट्रेन के डिब्बों में चलता है। यहां वैज्ञानिक और इंजीनियरों की एक लॉबी तैयार हो रहा है। ये स्कूल किसी पब्लिक स्कूल से कम नहीं है।
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लखनऊ

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Snigdha Singh

•

Updated: 19 May 2022, 2:19 PM IST

Uttar Pradesh Government School like Train Students to be Scientist

Uttar Pradesh Government School like Train Students to be Scientist

उत्तर प्रदेश के जौनपुर में एक ऐसा सरकारी स्कूल है, जहां बच्चे ट्रेन डिब्बों में पढ़ाई करते हैं। यहां के बच्चों को पढ़ाने का तरीका भी अलग है। माने तो यहां के शिक्षकों बच्चों को नहीं बल्कि वैज्ञानिक और इंजीनियरों के पढ़ा कर रहे हैं। इस स्कूल में सिर्फ पढ़ाई ही नहीं बल्कि देश दुनिया और ज्ञान-विज्ञान भी यहां के बच्चों को बखूबी पढ़ाया जा रहा है। इसी कड़ी में इस स्कूल को ट्रेन के डिब्बों में परिवर्तित कर दिया गया। यहां की दीवारें ही बताती हैं कि बच्चों में कैसे वैज्ञानिक दृष्टिकोण और जिज्ञासु प्रवृत्ति विकसित करने के उद्देश्य से डिस्कवरी लैब स्थापित किया जा रहा है।

दसरअसल, पायलट प्रोजेक्ट के तहत जौनपुर के सिकरारा ब्लाक के अंग्रेजी माध्यम विद्यालय ताहिरपुर व रामपुर के प्राथमिक विद्यालय सुरेरी में डिस्कवरी लैब स्थापित हो रहे। यहां के बच्चे टेलीस्कोप व अन्य आधुनिक तकनीक के माध्यम से दैनिक जीवन में घटित होने वाली भौतिक और जीव विज्ञान आदि से संबंधित परि घटनाओं को जान रहे हैं। यहां तक छात्रों नए तकनीक की वैज्ञानिक शिक्षा दी जा रही है। बड़ी संख्या में बच्चों यहां पढ़ने भी आते हैं। खास बनाने के लिए स्कूल को ट्रेन की डिजाइन दी गई है। बच्चों को खूब आकर्षित करती है।

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हर सप्ताह होता है ओपन साइंस डे

बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ गोरखनाथ पटेल ने के अनुसार परिषदीय स्कूलों में सप्ताह में 1 दिन ओपन साइंस डे होता है। इस दिन विभिन्न विद्यालयों के बच्चों को डिस्कवरी लैब में में छात्रों को खगोलीय घटनाओं और दैनिक जीवन में घटित होने वाली घटनाओं से अवगत कराया जाता है। इसके लिए 5-5 भूगोल व विज्ञान के जानकार शिक्षकों को प्रशिक्षित किया गया।

पढ़ाई के साथ हर एक्टिविटी पर जोर

बच्चों को यहां पढ़ाने के अलावा खेल-कूद और गीत-संगीत पर जोर दिया जाता है। यह स्कूल प्रदेश के अन्य स्कूलों के लिए एक बेहतर उदाहरण है। स्कूल में बच्चों के लिए हर सुविधाएं उपलब्ध किया जा रहा है। यहां क्लासेज और स्कूल को बेहतर डिजाइन दी गई है।

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