12 जनवरी 2026,

सोमवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

नए सीईओ ना करें कभी ये गलतियां

नए सीईओ को जल्दबाजी में फैसला ना लेकर पूरी तरह से विचार करना चाहिए, चीजों को समझने के लिए समय लेना चाहिए

2 min read
Google source verification

image

Divya Singhal

Jul 20, 2015

new ceo

new ceo

किसी भी कंपनी में टॉप पर बैठे व्यक्ति के व्यवहार से ग्राहकों, एम्प्लॉइज और पार्टनर्स पर काफी प्रभाव पड़ता है। सीईओ के व्यवहार पर हर कोई पैनी निगाह रखता है। ज्यादातर लोग सीईओ के अच्छे व्यवहार के बजाय कमियां खोजते हैं। अगर आप किसी कंपनी के नई सीईओ हैं तो आपको कुछ खास गलतियों से बचकर रहना चाहिए।

बोर्ड या चेयरमैन को खुश करना
सारे सीईओ चेयरमैन का कॉन्फिडेंस जीतने पर फोकस करते हैं। इसके लिए लगातार बेहतर प्रदर्शन करना होगा। कुछ नए सीईओ काम पर ध्यान देने के बजाय चेयरमैन को खुश करने में लगे रहते हैं। वे कंपनी के चेयरमैन तक कोई बुरी खबर पहुंचने नहीं देते। समझदार सीईओ खतरा उठाते हुए भी चेयरमैन को हर बात बताता है। वह कंपनी के भले के बारे में विचार करता है।



अपनी टीम से कंपीटिशन करना

समझदार सीईओ टीम के हर सदस्य से अच्छे संबंध विकसित करता है। वह सबकी पसंद और नापसंद जानता है। वह जानता है कि टीम के सदस्यों को प्रेरित करने के लिए क्या करना है। वह टीम के उन सदस्यों को भी जानता है, जो बेहतरीन आइडिया या सलाह दे सकते हैं। नए सीईओ को टीम के सदस्यों के साथ कंपीटिशन नहीं करना चाहिए। इससे टीम के सदस्य आपके सामने खुलकर बात नहीं कह पाएंगे।

खुद की सही छवि न बना पाना
अनुभवी सीईओ जानता है कि संस्थान में उसकी छवि क्या है। वह अपनी सार्वजनिक छवि को लेकर सचेत रहता है। वह मीटिंग में समय पर पहुंचता है और ऑफिशियल इवेंट्स में सही व्यवहार करता है। नया सीईओ खुद को टीम मेंबर के रूप में पेश करने की गलती कर देता है। वह दूसरे लोगों के आइडियाज को खुले में चुनौती देता है और भूल जाता है कि वह एक सीईओ है। इससे सीईओ की छवि पर गलत असर पड़ता है।



हर काम खुद करना
समझदार सीईओ हर काम को खुद करने के बजाय समस्याओं को सुलझाने के लिए बेहतर लोगों को लगाता है। नया सीईओ सोचता है कि अब उस पर जिम्मेदारी बढ़ गई है। इसलिए वह हर काम को खुद ओढ़ने की कोशिश करता है। इससे टीम भी सीईओ के ऊपर निर्भर हो जाती है और सीईओ के फैसले का इंतजार करने लग जाती है।

बहुत जल्दी कई बदलाव करना
हर व्यक्ति तुरंत बदलाव को स्वीकार नहीं कर सकता। कई बार नया सीईओ काम संभालते ही बदलाव करने लगता है, वह ज्यादा रिव्यू मीटिंग्स लेता है, खराब लोगों को तुरंत हटा देता है और नए आदेश निकालता है। इससे टीम में दहशत पैदा हो सकती है। समझदार सीईओ धीरे-धीरे बदलाव करता है। वह लोगों को बदलावों के बारे में पूरी तरह से जानकारी देता है। समझदार सीईओ काम के दौरान गलतियों तो करता है, पर वह उनसे सबक लेता है और उन्हें फिर कभी नहीं दोहराता।


ये भी पढ़ें

image