रोजगार बनाने का किया प्रयास
लॉकडाउन से अनलॉक की ओर से जैसे ही साल बढ़ा ताे ऑनलाइन और ऑफलाइन के संयोजन से अध्ययन-अध्यापन ने फिर रफ्तार पकड़ ली। जो सबसे बड़ा बदलाव इस वर्ष देखने को मिला, वह था उच्च शिक्षा को रोजगारपरक बनाने का प्रयास है। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय ने एक दर्जन से अधिक नए सेंटर और 60 से अधिक रोजगारपरक कोर्स की रूपरेखा तैयार की। एक दर्जन से अधिक बाजारोन्मुखी रोजगारपरक पाठ्यक्रमों को शुरू करने का खाका इसने भी तैयार कर लिया है। उच्च शिक्षा संस्थानों ने स्थानीय स्तर पर अपने कार्यपरिषद की मंजूरी भी इसे लेकर हासिल कर ली है हालांकि इन सभी पाठ्यक्रमों का लाभ विद्यार्थियों को अगले वर्ष ही मिलेगा लेकिन इनकी नींव तैयार होने के लिए 2020 को हमेशा याद किया जाएगा।