Chhattisgarh news: बाघों का कुनबा बढ़ाने के लिए मध्यप्रदेश के कान्हा और महाराष्ट्र के ताड़ोबा टाइगर रिजर्व से लाने की तैयारी चल रही है।
Chhattisgarh news: छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिला में स्थित अचानकमार टाइगर रिजर्व में जल्दी ही दो बाघिन और एक बाघ को लाया जाएगा। बाघों का कुनबा बढ़ाने के लिए मध्यप्रदेश के कान्हा और महाराष्ट्र के ताड़ोबा टाइगर रिजर्व से लाने की तैयारी चल रही है। केंद्रीय वन पर्यावरण मंत्रालय से इसकी अनुमति मिलने के बाद विभागीय अधिकारी इसकी कवायद में जुटे हुए है। केंद्र सरकार से इसका आदेश मिलने के बाद मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र वन विभाग को पत्र लिखा जाएगा। बताया जाता है कि दिल्ली में केंद्रीय वन एवं पर्यावरण विभाग के अधिकारियों के साथ छत्तीसगढ़ वन विभाग की टीम के साथ अप्रैल में बैठक हुई थी। इस दौरान उन्होंने राज्य में बाघों की संख्या को लेकर चर्चा की। साथ ही बताया कि अचानकमार में इस समय 3 बाघ और बाघिन शावक के साथ जंगल में विचरण कर रहे हैं।
बाघों का कॉरिडोर
अचानकमार टाइगर रिजर्व के बाघ मध्यप्रदेश के कन्हा से लेकर बांधवगढ़ स्थित संजय दुबरी और ओडिशा के पलामू नेशनल पार्क तक विचरण करते है। उनके आवागमन को देखते हुए बाघों की संख्या बढ़ाने की योजना बनाई गई है। बता दें कि अचानकमार टाइगर रिवर्ज 553.286 वर्ग किमी में फैला हुआ है। यहां घना जंगल होने के कारण शाकाहारी वन्य प्राणियों की संख्या बहुतायत है।
केंद्रीय वन एवं पर्यावरण विभाग से स्वीकृति मिलने के बाद मध्यप्रदेश या महाराष्ट्र से बाघों को लाया जाएगा। इसका लिखित आदेश मिलने के बाद दोनों ही राज्यों को पत्र लिखा जाएगा।
एस जगदीशन, एटीआर फील्ड डायरेक्टर