70 साल बाद करवाचौथ पर बन रहा अद्भुत संयोग, इस शुभ मुहूर्त में व्रत खोलने से होंगे ये लाभ

70 साल बाद करवाचौथ पर बन रहा अद्भुत संयोग, इस शुभ मुहूर्त में व्रत खोलने से होंगे ये लाभ

lokesh verma | Updated: 09 Oct 2019, 05:40:18 PM (IST) Noida, Gautam Budh Nagar, Uttar Pradesh, India

Highlights
- भगवान श्रीकृष्ण औऱ सत्यभामा के मिलन के समय बना था ये विशेष संयोग
- जानिये, करवाचौथ की पूजा का शुभी मुहूर्त
- रोहिणी नक्षत्र में पत्नी की पूजा से पति को दीर्घायु के साथ उत्तम स्वास्थ्य और संपन्नता मिलती है

नोएडा. करवा चौथ (Karwa Chauth) के दिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र के लिए निर्जला व्रत रखती हैं और चांद को देखकर अपना व्रत खोलती हैं। करवाचौथ का यह व्रत कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी को रखा जाता है। पंडित चंद्रशेखर शर्मा कहते हैं कि इस बार कृष्ण पक्ष की चतुर्थी यानी करवाचौथ 17 अक्टूबर को कृतिका नक्षत्र (Kritika Nakshatra) से शुरू होकर रोहिणी नक्षत्र (Rohini Nakshatra) में संपन्न होगी। रोहिणी नक्षत्र और चंद्रमा में रोहिणी योग बनने से इस करवाचौथ पर मार्कण्डेय और सत्याभामा योग भी बन रहा है। यह विशेष संयोग (Special Coincidence) करीब 70 वर्ष बाद बन रहा है, जो बेहद मंगलकारी है।

यह भी पढ़ें- Karwa Chauth 2019: पत्‍नी को राशि के अनुसार देंगे गिफ्ट तो जीवन रहेगा खुशहाल

ज्योतिषाचार्य पंडित चंद्रशेखर शर्मा का कहना है कि इस करवाचौथ के दिन जो महिलाएं अपने पति के लिए व्रत करेंगी उनके लिए बेहद फलदायी होगा। पंडित जी बताते हैं कि ऐसा योग तब बना था जब भगवान श्रीकृष्ण औऱ सत्यभामा का मिलन हुआ था। करवाचौथ के दिन रोहिणी नक्षत्र में पत्नी की पूजा से पति को दीर्घायु के साथ उत्तम स्वास्थ्य और संपन्नता मिलती है।

उन्होंने बताया कि इस व्रत को करने वाली महिलाओं को लाल वस्त्र पहनने चाहिएं। वह कहते हैं कि इस दिन सफेद या काले वस्त्र बिलकुल भी न पहने। इसके साथ ही सफेद वस्तुओं का भी दान न करें। लाल रंग के कपड़े ही पहनने वाली स्त्रियों को आजीवन पति का प्यार मिलता है। लाल रंग गर्मजोशी व मनोबल बढ़ाने का प्रतीक होता है। लाल वस्त्र पहनने वाली महिलाएं अधिक सुंदर और आकर्षक नजर आती हैं।

करवाचौथ व्रत पूजन का शुभ मुहूर्त (Karwa Chauth Vrat 2019 Shubh Muhurat Time)

ज्योतिषाचार्य पंडित चंद्रशेखर शर्मा ने बताया कि इस बार चतुर्थी तिथि 17 अक्टूबर 2019 को सुबह 6.48 बजे कृतिका नक्षत्र में प्रारंभ होगी। इसके बाद दोपहर 3.39 बजे चंद्रमा रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश करेगा। पूजा का शुभ मुहूर्त शाम 5:50 से 6:58 तक रहेगा। वहीं चंद्रोदय शाम 8.16 बजे होगा।

यह भी पढ़ें- Diwali से पहले दोगुना हुआ देश की पहली Private Train का किराया, Flight से महंगा मिल रहा 26 अक्टूबर का Ticket!

Show More
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned