
बहुत से लोगों के हाथों की लकीरें तो बहुत अच्छी होती हैं, मगर कर्मों की वजह से कई बार उनका भाग्य सो जाता है। इसलिए उन्हें मन के मुताबिक परिणाम नहीं मिल पाता है। अगर आप भी अपनी किस्मत के बंद दरवाजे खोलना चाहते हैं तो अपनाएं केसर का ये छोटा—सा उपाय।

केसर को हिंदू शास्त्रों में बहुत महत्वपूर्ण माना गया है। इसे पूजा—पाठ एवं अन्य शुभ कामों में इस्तेमाल किया जाता है। इसके प्रयोग से घर में शुभता एवं सम्पन्नता आती है। इसके कई शारीरिक लाभ भी हैं। इसे दूध में डालकर पीने से ताकत आती एवं रंगत निखरती है।

केसर का प्रयोग कई टोटकों में भी किया जाता है। ये धन प्राप्ति के लिए सबसे बेहतर उपाय है। अगर आपकी आर्थिक स्थिति सही नहीं है तो आप किसी शुभ दिन सात सफेद कौडि़यों को केसर के रंग में रंगकर उन्हें लाल कपड़े में बांध लें। अब श्रीसूक्त् का सात बार पाठ करें और पोटली को दुर्गा जी की चरणों में रख दें। आरती के बाद पोटली को अपनी तिजोरी में रख दें। इससे धन आने लगेगा।

अगर आपका भाग्य सो गया है और इसका साथ नहीं मिल रहा है तब भी केसर का उपाय बहुत लाभकारी होता है। इसके लिए आपको रोज सुबह स्नान के बाद अपने माथे पर केसर का तिलक लगाना चाहिए। ऐसा करने से भगवान विष्णु, शिव, गणेश एवं माता लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं। इससे आपका काम बनने लगता है।

अगर किसी की जन्मकुंडली में चंद्र ग्रह कमजोर है तो चांदी की एक ठोस गोली को चांदी की ही डिबिया में रखें। इसमें केसर भी रखें। अब इसे बंद करके पूजा के स्थान पर रख दें। ऐसा करने से ग्रह दोष दूर हो जाएगा।

अगर पति—पत्नी में विवाद होता रहता है, उनका संबंध बेहतर न हो तो इस समस्या को दूर करने में भी केसर बहुत उपयोगी साबित होता है। इसके लिए पति—पत्नी के गले, मस्तक एवं नाभि पर दूध को केसर में मिलाकर टीका लगाना चाहिए। ऐसा रोज या सप्ताह में दो—तीन दिन करने से उनमें प्रेम भावना बढ़ जाती है।

यदि किसी व्यक्ति की जन्मकुंडली में मांगलीक दोष है तो उन्हें हनुमानजी को लाल चंदन और केसर मिश्रित तिलक लगाना चाहिए। ऐसे बजरंगबली प्रसन्न होते हैं और दोष को दूर करते हैं। ऐसा नियमित रूप से करने से व्यक्ति को सफलता भी मिलती है।

अगर किसी की कुंडली में जलाघात लिखा हो तो ऐसे व्यक्ति को प्रतिदिन केसर का तिलक लगाना चाहिए। इससे व्यक्ति की पानी में डूबने से मौत नहीं होती है।

जिन स्त्रियों का शुक्र ग्रह कमजोर होता है उन्हें पर्याप्त सम्मान नहीं मिलता है। साथ ही पति के साथ भी उनके संबंध अच्छे नहीं रहते है। इस समस्या को दूर करने के लिए ऐसी महिलाओं को दान में सुहाग के समान के साथ केसर का भी दान करना चाहिए।

अगर किसी की कुंडली में पितृदोष है तो इसे ठीक करने के लिए केसर का उपाय अच्छा है। इसके लिए चतुर्दशी और अमावस्या के दिन घर के दक्षिण-पश्चिम दिशा यानि नैऋत्य कोण में केसर का धूप दिखाने से घर में सकारात्मकता आती है। इसके अलावा पितृ प्रसन्न होते हैं।